मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में विजयदशमी के मौके पर शुरू होने वाली ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ के पहले चरण का आधिकारिक मार्ग जारी कर दिया गया है। 20 अक्टूबर से 5 नवंबर 2026 तक चलने वाली यह पदयात्रा उज्जैन, शाजापुर, राजगढ़ और गुना जिलों के विभिन्न नगरों और ग्रामीण क्षेत्रों से होकर गुजरेगी।
Knews Desk – मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में आगामी 20 अक्टूबर को भगवान श्री महाकालेश्वर की नगरी उज्जैन से भगवान श्रीराम की नगरी अयोध्या तक शुरू होने वाली ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ की तैयारियां तेज हो गई हैं। यात्रा के पहले चरण का आधिकारिक रूट जारी कर दिया गया है। यह पदयात्रा 20 अक्टूबर से 5 नवंबर 2026 तक मध्य प्रदेश के उज्जैन, शाजापुर, राजगढ़ और गुना जिलों के विभिन्न नगरों और ग्रामीण क्षेत्रों से होकर गुजरेगी।
यात्रा की शुरुआत 20 अक्टूबर को उज्जैन में भगवान श्री महाकालेश्वर के दर्शन और पूजन-अर्चन के साथ होगी। इस अवसर पर नृसिंह घाट के पास बालाजी गार्डन में विश्व कल्याण के लिए असंख्य पार्थिव शिवलिंगों का निर्माण, पूजन-अभिषेक, कन्या भोज और विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में पदयात्रा शुरू होगी।
पहले चरण की पदयात्रा 5 नवंबर को पाटई आश्रम पहुंचने के बाद समाप्त होगी। इसके बाद दीपावली के अवसर पर पांच दिवसीय अवकाश रखा जाएगा।
पहले चरण का तारीखवार यात्रा रूट
आयोजकों की ओर से जारी कार्यक्रम के मुताबिक, यात्रा का रूट इस प्रकार है।
♦ 20 अक्टूबर: उज्जैन से पदयात्रा की शुरुआत, रात्रि विश्राम तराना रोड, उज्जैन।
♦ 21 अक्टूबर: उज्जैन से ताजपुर जोड़ होते हुए सिंदुरिया।
♦ 22 अक्टूबर: सिंदुरिया से तराना।
♦ 23 अक्टूबर: तराना से सिद्धिपुर होते हुए देवाखेड़ा-जूनापानी जोड़।
♦ 24 अक्टूबर: देवाखेड़ा से करेड़ी माताजी मंदिर होते हुए शाजापुर।
♦ 25 अक्टूबर: शाजापुर से पनवाड़ी।
♦ 26 अक्टूबर: पनवाड़ी से सारंगपुर।
♦ 27 अक्टूबर: सारंगपुर से तुकोगंज होते हुए गुलावता।
♦ 28 अक्टूबर: गुलावता से खजनेर।
♦ 29 अक्टूबर: खजनेर से करेड़ी।
♦ 30 अक्टूबर: करेड़ी से राजगढ़।
♦ 31 अक्टूबर: राजगढ़ से कालीपीठ।
♦ 1 नवंबर: कालीपीठ से नयापुरा जोड़।
♦ 2 नवंबर: नयापुरा जोड़ से चाचौड़ा होते हुए बीनागंज।
♦ 3 नवंबर: बीनागंज से घाटाखेड़ी।
♦ 4 नवंबर: घाटाखेड़ी से सागर ग्राम।
♦ 5 नवंबर: सागर ग्राम से पाटई आश्रम, राघौगढ़।
सत्य, धर्म, न्याय और स्वाभिमान का संदेश देगी यात्रा
आयोजकों के अनुसार, ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ का उद्देश्य सनातन धर्म के मूल आदर्शों सत्य, न्याय, सदाचार, करुणा और स्वाभिमान के प्रति जनजागरण करना है। इसके साथ ही धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं के दान और चढ़ावे के उपयोग में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग को भी जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
यात्रा के दौरान विभिन्न नगरों और ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय नागरिकों, धर्मावलंबियों और सामाजिक प्रतिनिधियों से संवाद किया जाएगा। इसके माध्यम से सामाजिक सद्भाव, धार्मिक आस्था के सम्मान और सत्य एवं न्याय के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश देने की योजना है।
यात्रा में शामिल होने की अपील
‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ के आयोजकों ने सनातन धर्मावलंबियों, संत-महात्माओं, सामाजिक संगठनों, युवाओं, मातृशक्ति और आम नागरिकों से अपने-अपने क्षेत्रों में यात्रा का स्वागत करने की अपील की है। साथ ही लोगों से सत्य, धर्म, न्याय और स्वाभिमान के संकल्प में सहभागी बनने का आह्वान किया गया है।
उज्जैन से शुरू होने वाली इस पदयात्रा का पहला चरण मध्य प्रदेश के चार जिलों से होकर गुजरेगा। इसके जरिए धार्मिक आस्था के साथ-साथ धार्मिक स्थलों पर चढ़ावे के उपयोग में पारदर्शिता और जवाबदेही जैसे मुद्दों को भी उठाया जाएगा।