Knews Desk- लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को छात्र-छात्राओं के एक समूह के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान मुंबई में पुलिस वैन के सामने खड़े होने के बाद सोशल मीडिया पर चर्चा में आईं रिया अहीर ने भी अपनी बात रखी। रिया ने आरोप लगाया कि छात्रों के समर्थन में आवाज उठाने के बाद से उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है।
रिया अहीर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि मुंबई में पुलिस की वैन के सामने खड़ी होने वाली लड़की वही थीं। उनके मुताबिक, उन्होंने करीब 20 छात्रों को कथित तौर पर गैरकानूनी तरीके से हिरासत में लिए जाने से रोकने की कोशिश की थी।
रिया ने दावा किया कि इस घटना के बाद से उन्हें सोशल मीडिया पर निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने इसे केवल ट्रोलिंग मानने से इनकार करते हुए गंभीर अपराध बताया। रिया ने आरोप लगाया, “न बेटियों को पढ़ने दिया जा रहा है और न ही उन्हें बचने दिया जा रहा है।”
सोशल मीडिया पर परेशान करने का आरोप
रिया ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक कार्यकर्ता भी सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ आपत्तिजनक बातें लिख रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस संबंध में 27 जुलाई को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन 5 अगस्त तक उन्हें एफआईआर की कॉपी नहीं मिली।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में झारखंड की छात्रा नूतन ने दावा किया कि 20 जुलाई को हुए प्रदर्शन के दौरान उनके खिलाफ पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया था। वहीं, उत्तर प्रदेश की छात्रा फराह नाज ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस पर मारपीट और परेशान करने का आरोप लगाया। फराह ने दावा किया कि उनके नाम और धार्मिक पहचान के कारण उनके साथ ज्यादा सख्ती की गई और करीब तीन घंटे तक हिरासत में रखा गया।
राहुल गांधी ने प्रदर्शनकारी छात्रों का समर्थन करते हुए कहा कि उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने वाले युवाओं से मुलाकात की और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि ये युवा शिक्षा व्यवस्था, संविधान और भारत के भविष्य से जुड़े मुद्दों के लिए आवाज उठा रहे हैं। राहुल गांधी ने छात्रों को धन्यवाद देते हुए कहा कि देशभर में ऐसे हजारों युवा हैं जो अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं।
‘छात्रों से माफी मंगवाने की कोशिश’
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के बाद छात्रों पर लगातार मानसिक दबाव बनाया जा रहा है और उनसे जबरन माफी मंगवाने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने छात्रों से कहा कि अगर उन्होंने कुछ गलत नहीं किया है तो उन्हें माफी मांगने की जरूरत नहीं है। राहुल के मुताबिक, प्रदर्शन में शामिल छात्रों ने किसी तरह की हिंसा नहीं की।
‘हम छात्रों के साथ खड़े हैं’
राहुल गांधी ने यह भी आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारी छात्रों और उनके परिवारों पर दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने नाबालिग छात्राओं को परेशान किए जाने का भी आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस और वह स्वयं उन छात्रों के साथ खड़े हैं, जो अपने अधिकारों और शिक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर आवाज उठा रहे हैं और कथित तौर पर उत्पीड़न का सामना कर रहे हैं।