KNEWS DESK- धनतेरस का पर्व इस साल 6 नवंबर 2026, शुक्रवार को मनाया जा रहा है। कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर पड़ने वाले इस पर्व पर नई वस्तुएं खरीदना शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार धनतेरस के दिन सोना, चांदी, बर्तन और अन्य उपयोगी सामान खरीदने से घर में सुख-समृद्धि बनी रहती है। यही वजह है कि इस दिन बाजारों में खरीदारी के लिए लोगों की भीड़ देखने को मिलती है। अगर आप भी धनतेरस पर खरीदारी करने की तैयारी कर रहे हैं, तो शुभ समय का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।
धनतेरस पर खरीदारी के लिए तीन खास मुहूर्त
6 नवंबर को धनतेरस के दिन खरीदारी के लिए दिन और रात में अलग-अलग शुभ समय बताए गए हैं। दोपहर 12:05 बजे से 1:27 बजे तक शुभ चौघड़िया रहेगा। इसके बाद शाम 4:11 बजे से 5:33 बजे तक चर चौघड़िया का समय रहेगा। रात में 8:49 बजे से 10:27 बजे तक लाभ चौघड़िया रहेगा।
इन तीनों समयावधियों में खरीदारी की जा सकती है, लेकिन इनमें दोपहर 12:05 बजे से 1:27 बजे तक का समय सबसे शुभ माना गया है।
- दोपहर: 12:05 बजे से 1:27 बजे तक
- शाम: 4:11 बजे से 5:33 बजे तक
- रात: 8:49 बजे से 10:27 बजे तक
- सबसे शुभ मुहूर्त: दोपहर 12:05 बजे से 1:27 बजे तक
धनतेरस पर क्या खरीद सकते हैं
धनतेरस के दिन लोग अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य के अनुसार सोना, चांदी और बर्तन खरीदते हैं। इसके अलावा घर में उपयोग होने वाली शुभ वस्तुओं की खरीदारी भी की जाती है। मान्यता है कि धनतेरस पर नई वस्तु घर लाने से समृद्धि और खुशहाली आती है। इसलिए लोग इस दिन खरीदारी के लिए शुभ समय का विशेष ध्यान रखते हैं।
परिवार के साथ मनाएं धनतेरस का पर्व
धनतेरस केवल खरीदारी का अवसर नहीं बल्कि परिवार के साथ खुशियां मनाने का भी पर्व है। इस दिन लोग घर की साफ-सफाई करने के बाद पूजा की तैयारी करते हैं और अपनी क्षमता के अनुसार नई वस्तुएं खरीदकर घर लाते हैं। सोना-चांदी और बर्तन खरीदने के साथ लोग भगवान धन्वंतरि, माता लक्ष्मी और भगवान कुबेर की पूजा भी करते हैं।
राहुकाल में खरीदारी से बचें
धनतेरस के दिन खरीदारी की योजना बनाते समय राहुकाल का भी ध्यान रखना चाहिए। 6 नवंबर को सुबह 10:42 बजे से दोपहर 12:04 बजे तक राहुकाल रहेगा। इसलिए इस अवधि में नई खरीदारी शुरू करने से बचने की सलाह दी जाती है।
अगर आप धनतेरस पर सोना, चांदी, बर्तन या कोई अन्य शुभ वस्तु खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो दोपहर 12:05 बजे से 1:27 बजे तक का समय सबसे प्रमुख माना गया है। इसके अलावा शाम और रात के बताए गए शुभ चौघड़िया में भी खरीदारी की जा सकती है।