झारखंड में छात्रों पर FIR को लेकर BJP का बड़ा आंदोलन, 8 सितंबर से DC-SP दफ्तरों का करेगी घेराव

JPSC-JSSC अभ्यर्थियों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने की मांग तेज, बीजेपी ने चार दिनों तक जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन का किया ऐलान

Knews Desk– झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों पर दर्ज एफआईआर का मुद्दा अब राजनीतिक रूप ले चुका है। JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी और अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले अभ्यर्थियों पर दर्ज मुकदमों को वापस लेने की मांग को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान किया है। बीजेपी 8 सितंबर से लगातार चार दिनों तक अलग-अलग जिलों में प्रदर्शन करेगी और DC-SP कार्यालयों का घेराव करेगी।

झारखंड बीजेपी अध्यक्ष आदित्य साहू ने रांची में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आंदोलन की घोषणा की। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठाने वाले छात्रों पर सरकार ने कार्रवाई की है। बीजेपी का दावा है कि करीब एक हजार छात्रों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई और उन्हें डराने के लिए पुलिस को उनके घरों और कोचिंग संस्थानों तक भेजा गया।

बीजेपी के मुताबिक, पार्टी ने पहले राज्य सरकार को छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने के लिए 48 घंटे का समय दिया था। पार्टी का कहना है कि यह समय सीमा पूरी हो चुकी है, लेकिन सरकार की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद बीजेपी ने आंदोलन को जिला स्तर तक ले जाने का फैसला किया है।

आदित्य साहू ने कहा कि छात्रों की मांगों को दबाने के बजाय सरकार को उनकी शिकायतों और परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े सवालों का समाधान करना चाहिए। बीजेपी ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने वाले युवाओं के खिलाफ कार्रवाई करना उचित नहीं है।

चार दिनों तक अलग-अलग जिलों में प्रदर्शन

बीजेपी के घोषित कार्यक्रम के मुताबिक, 8 सितंबर को रांची, गिरिडीह, दुमका, गढ़वा, हजारीबाग और जमशेदपुर में प्रदर्शन होगा। 9 सितंबर को कोडरमा, पलामू, सिमडेगा, साहिबगंज और चाईबासा में पार्टी कार्यकर्ता DC-SP कार्यालयों का घेराव करेंगे।

10 सितंबर को धनबाद, गुमला, सरायकेला, पाकुड़, लातेहार और चतरा समेत कई जिलों में आंदोलन किया जाएगा। वहीं, 11 सितंबर को रामगढ़, देवघर, लोहरदगा, खूंटी, गोड्डा और जामताड़ा में बीजेपी कार्यकर्ता सड़कों पर उतरेंगे।

सरकार पर पुलिस के दुरुपयोग का आरोप

बीजेपी अध्यक्ष ने राज्य सरकार पर पुलिस और प्रशासन के दुरुपयोग का भी आरोप लगाया। उनका कहना है कि सरकार को अपराध और अवैध गतिविधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए, लेकिन छात्रों के आंदोलन को दबाने के लिए पुलिस का इस्तेमाल किया जा रहा है।

साहू ने दावा किया कि बीजेपी नेताओं ने झारखंड के मुख्य सचिव से मुलाकात कर छात्रों के खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस लेने की मांग रखी थी। इसके बाद महागठबंधन के नेताओं की ओर से भी मुख्य सचिव से मुलाकात किए जाने का उन्होंने जिक्र किया और आरोप लगाया कि छात्रों को डराने-धमकाने का प्रयास किया जा रहा है।

‘मांग नहीं मानी तो आंदोलन होगा तेज’

बीजेपी ने साफ कर दिया है कि अगर सरकार छात्रों पर दर्ज एफआईआर वापस नहीं लेती है तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। आदित्य साहू ने चेतावनी दी कि आने वाले दिनों में पार्टी सरकार के खिलाफ बड़े स्तर पर आंदोलन करेगी।

बीजेपी का कहना है कि छात्रों के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा और उनके मुद्दे को लेकर पार्टी लगातार आवाज उठाती रहेगी। अब देखना होगा कि सरकार इस आंदोलन और एफआईआर वापस लेने की मांग पर क्या कदम उठाती है।