Knews Desk- वाराणसी में दो गर्म समोसे मांगने को लेकर शुरू हुआ विवाद अब कानूनी कार्रवाई तक पहुंच गया है। आरोप है कि गर्म समोसे देने की बात कहने पर मिठाई दुकान के मालिक और उसके साथियों ने एक अधिवक्ता के साथ मारपीट की। इस दौरान उनकी जेब से 19,500 रुपये और सोने की चेन छीनने का भी आरोप लगाया गया है। पुलिस ने अदालत के आदेश के करीब छह महीने बाद 14 अगस्त को पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
मामला पाण्डेयपुर निवासी अधिवक्ता शिवशंकर सिंह से जुड़ा है। बताया गया कि 22 फरवरी को चंदौली से वाराणसी जाते समय वह जाल्हूपुर बाजार में एक मिठाई की दुकान पर रुके थे। उन्होंने वहां दो समोसे मांगे। आरोप है कि दुकान से उन्हें ठंडे समोसे दिए गए, जिस पर उन्होंने समोसे गर्म करने के लिए कहा।
अधिवक्ता का आरोप है कि इसी बात को लेकर दुकान मालिक गुप्तेश्वर सिंह ने उनके साथ अभद्रता शुरू कर दी। देखते ही देखते मामला बढ़ गया।
मारपीट और सामान छीनने का आरोप
शिवशंकर सिंह के मुताबिक, विवाद बढ़ने पर दुकान मालिक, उसके बेटे और कर्मचारी समेत कुछ अन्य लोगों ने उनके साथ मारपीट की। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी दौरान उनकी जेब से 19,500 रुपये और सोने की चेन भी निकाल ली गई।
घटना के बाद अधिवक्ता शिकायत दर्ज कराने चौबेपुर थाने पहुंचे, लेकिन उनका आरोप है कि पुलिस ने FIR दर्ज नहीं की। उन्होंने दावा किया कि उन्हें करीब तीन घंटे तक थाने में बैठाए रखा गया।
पुलिस से कार्रवाई नहीं हुई तो कोर्ट पहुंचे
थाने में मुकदमा दर्ज नहीं होने के बाद अधिवक्ता ने वाराणसी के पुलिस कमिश्नर से शिकायत की। उनका कहना है कि पुलिस कमिश्नर ने कार्रवाई का भरोसा दिया और थाने से रिपोर्ट भी मांगी, लेकिन इसके बावजूद मामला दर्ज नहीं हुआ।
इसके बाद शिवशंकर सिंह ने अदालत का रुख किया। करीब छह महीने बाद एसीजेएम कोर्ट ने पुलिस को मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया।
कोर्ट के आदेश के बाद 14 अगस्त को चौबेपुर थाने में मिठाई दुकान के मालिक गुप्तेश्वर सिंह, उनके बेटे सोमेश्वर सिंह समेत पांच लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई। पुलिस ने आरोपियों पर BNS की धारा 191(2), 115(2), 352, 351(3) और 309(4) के तहत केस दर्ज किया है। अब पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।