महोबा में पहुंची गुरु रविदास जन्मस्थली की पावन माटी, रविदास मंदिर में स्थापित हुआ कलश

Knews News: संत शिरोमणि गुरु रविदास महाराज की 650वीं जयंती के अवसर पर चलाए जा रहे समरसता संकल्प अभियान के तहत शुक्रवार को वाराणसी के सीर गोवर्धनपुर स्थित उनकी जन्मस्थली से लाई गई पावन माटी का कलश महोबा पहुंचा। जिले में जगह-जगह श्रद्धालुओं और भाजपा कार्यकर्ताओं ने कलश यात्रा का स्वागत किया। बाद में विधि-विधान के साथ कलश को शहर के छजमनपुरा स्थित संत रविदास मंदिर में स्थापित किया गया।

कलश यात्रा के स्वागत कार्यक्रम में सदर विधायक राकेश गोस्वामी, भाजपा जिलाध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा, पनवाड़ी ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि श्रीप्रकाश वर्मा समेत कई जनप्रतिनिधि, पार्टी पदाधिकारी और स्थानीय लोग शामिल हुए। सभी ने कलश पूजन कर संत रविदास के विचारों को समाज तक पहुंचाने का संकल्प लिया।

समरसता संकल्प अभियान का उद्देश्य संत रविदास महाराज के समानता, भाईचारे, प्रेम और सामाजिक न्याय के संदेश को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना है। सदर विधायक राकेश गोस्वामी ने बताया कि 650वीं जयंती वर्ष के अवसर पर उनकी जन्मस्थली की पावन माटी उत्तर प्रदेश के सभी जिलों में भेजी जा रही है, ताकि समाज में समरसता और एकता का संदेश मजबूत हो सके।

उन्होंने कहा कि महोबा में स्थापित किया गया यह कलश पूरे वर्ष चलने वाले विभिन्न धार्मिक और सामाजिक कार्यक्रमों का केंद्र रहेगा। इसी क्रम में चरखारी क्षेत्र में भी कलश यात्रा का भव्य स्वागत किया गया।

रविदास मंदिरों तक पहुंच रही पावन माटी

भाजपा जिलाध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा ने बताया कि यह अभियान केवल उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के विभिन्न राज्यों में स्थित संत रविदास मंदिरों तक भी जन्मस्थली की पवित्र माटी पहुंचाई जा रही है। उनका कहना था कि संत रविदास ने समाज को समानता और मानवता का संदेश दिया था और उसी भावना को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।

वहीं, पनवाड़ी ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि श्रीप्रकाश वर्मा ने कहा कि कलश वंदन यात्रा गांव-गांव तक जाएगी और संत रविदास के विचारों के माध्यम से समाज में एकता, सद्भाव और सामाजिक समरसता को और अधिक मजबूत करने का कार्य करेगी।