जयपुर जेल से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। वायरल वीडियो में कुछ बंदी जेल परिसर के अंदर मोबाइल फोन से रील बनाते हुए नजर आ रहे हैं। वीडियो को जयपुर जेल के वार्ड नंबर-2 का बताया जा रहा है। मामला सामने आने के बाद जेल प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है।
Knews Desk- वायरल वीडियो में कुछ बंदी हरियाणवी गाने पर रील बनाते दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में उनके हाथ में मोबाइल फोन नजर आ रहा है। हालांकि, यह वीडियो कब बनाया गया और इसमें दिखाई दे रहे बंदी कौन हैं, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। जेल प्रशासन की ओर से वीडियो की सत्यता और इससे जुड़े अन्य तथ्यों की जांच की जा रही है।जेल जैसी सुरक्षित जगह पर बंदियों के पास मोबाइल फोन का पहुंचना अपने आप में गंभीर सवाल खड़ा करता है। जेल परिसर में बंदियों के मोबाइल फोन और अन्य प्रतिबंधित इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के इस्तेमाल पर रोक होती है। ऐसे में वायरल वीडियो के सामने आने के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर बंदियों तक मोबाइल फोन पहुंचा कैसे।
जांच के दौरान यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि मोबाइल फोन जेल के अंदर किस रास्ते से पहुंचा। क्या किसी बाहरी व्यक्ति के जरिए मोबाइल फोन अंदर पहुंचाया गया या फिर जेल के अंदर किसी व्यक्ति की मदद से यह संभव हुआ, इन सभी पहलुओं को जांच के दायरे में रखा गया है। फिलहाल इस संबंध में किसी की भूमिका की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।वायरल वीडियो को जयपुर जेल के वार्ड नंबर-2 का बताया जा रहा है। हालांकि, वीडियो की लोकेशन और इसे रिकॉर्ड किए जाने के समय की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों की कोशिश है कि वीडियो में दिखाई दे रहे बंदियों की पहचान की जाए और यह पता लगाया जाए कि उनके पास मोबाइल फोन कितनी देर से था।
इस मामले ने जेल में बंदियों की निगरानी और तलाशी व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। जेलों में समय-समय पर बंदियों की तलाशी ली जाती है और प्रतिबंधित सामान को लेकर निगरानी की व्यवस्था रहती है। इसके बावजूद यदि मोबाइल फोन बंदियों तक पहुंचा और उससे वीडियो भी बनाया गया, तो यह सुरक्षा व्यवस्था में संभावित चूक की ओर इशारा करता है।वीडियो सामने आने के बाद जेल प्रशासन और संबंधित अधिकारी मामले की जांच में जुट गए हैं। जांच में वीडियो की सत्यता के साथ-साथ उसकी लोकेशन, उसमें दिखाई दे रहे बंदियों की पहचान और मोबाइल फोन के जेल के अंदर पहुंचने के स्रोत का पता लगाया जा रहा है।अधिकारियों की जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि जेल के अंदर मोबाइल फोन कैसे पहुंचा और इस पूरे मामले में किसी कर्मचारी या बाहरी व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं। फिलहाल वायरल वीडियो ने जयपुर जेल की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा तेज कर दी है।