Knews Desk- भारतीय क्रिकेट में अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रहे झारखंड के सलामी बल्लेबाज शिखर मोहन को बड़ा मौका मिला है। उन्हें न्यूजीलैंड ए के खिलाफ होने वाले आखिरी दो चार दिवसीय मुकाबलों के लिए पहली बार इंडिया ए टीम में जगह दी गई है। शिखर मोहन पहले चार दिवसीय मैच के बाद वनडे टीम से जुड़ने वाले केएल राहुल की जगह लेंगे। युवा बल्लेबाज के लिए यह मौका ऐसे समय आया है, जब वह घरेलू क्रिकेट में लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन कर रहे हैं।शिखर मोहन बाएं हाथ के बल्लेबाज हैं और मौजूदा रणजी ट्रॉफी सीजन में उन्होंने अपनी बल्लेबाजी से सबका ध्यान खींचा है। उन्होंने झारखंड की ओर से खेलते हुए केरल के खिलाफ जमशेदपुर में 143 रन की शानदार पारी खेली। इसके बाद पुणे में महाराष्ट्र के खिलाफ उन्होंने 127 रन बनाए। उनकी इस पारी ने टीम को मुश्किल परिस्थिति से उबारने में अहम भूमिका निभाई। लगातार दो शतक लगाने के बाद इंडिया ए में उनका चयन उनके प्रदर्शन का बड़ा परिणाम माना जा रहा है।
घरेलू क्रिकेट में 613 रन बनाकर बनाई पहचान
शिखर मोहन ने 2025-26 के अपने डेब्यू सीजन में शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने 55.73 की औसत से कुल 613 रन बनाए, जिसमें दो शतक शामिल थे। उनके इस प्रदर्शन ने उन्हें घरेलू क्रिकेट में उभरते हुए बल्लेबाजों की सूची में शामिल किया। नए सीजन में भी उन्होंने अपनी लय बरकरार रखी है।रणजी ट्रॉफी के अलावा शिखर ने अन्य घरेलू प्रतियोगिताओं में भी उपयोगी पारियां खेली हैं। दलीप ट्रॉफी के फाइनल में ईस्ट जोन की ओर से खेलते हुए उन्होंने दोनों पारियों में 85 और 52 रन बनाए। इसके बाद ईरानी ट्रॉफी में रेस्ट ऑफ इंडिया की तरफ से खेलते हुए उन्होंने श्रीनगर की ग्रीन पिच पर 60 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली।
मेंटर ईशान जग्गी ने की तारीफ
झारखंड के पूर्व क्रिकेटर और शिखर के मेंटर ईशान जग्गी का मानना है कि युवा बल्लेबाज के लिए आगे बढ़ने का यह सही समय है। उन्होंने बताया कि शिखर लगातार अच्छी फॉर्म में हैं और रणजी ट्रॉफी में दो शतक लगाने के साथ दलीप ट्रॉफी तथा ईरानी ट्रॉफी में भी अच्छा प्रदर्शन कर चुके हैं।जग्गी के मुताबिक, शिखर पिछले चार से पांच वर्षों से लगातार अच्छा खेल रहे हैं और आयु वर्ग क्रिकेट में भी उन्होंने अपनी प्रतिभा दिखाई है। हालांकि, युवा बल्लेबाज के सामने अच्छी शुरुआत को बड़ी पारियों में बदलने की चुनौती है।शिखर ने भी स्वीकार किया है कि वह कई बार अच्छी शुरुआत के बावजूद बड़ी पारी खेलने से चूक जाते हैं। इस कमी को दूर करने के लिए वह अपने मेंटर के साथ काम कर रहे हैं। उनका कहना है कि गेंद पर ध्यान केंद्रित करना और एक समय में एक गेंद खेलने की रणनीति उनके लिए मददगार साबित हुई है।शिखर मोहन 26 अक्टूबर को न्यूजीलैंड के लिए रवाना होंगे और क्राइस्टचर्च में इंडिया ए टीम से जुड़ेंगे। दूसरा चार दिवसीय मुकाबला 31 अक्टूबर से खेला जाएगा। इस सीरीज में उनके पास अपने प्रदर्शन से चयनकर्ताओं को प्रभावित करने और भारतीय क्रिकेट में आगे के अवसरों के लिए मजबूत दावेदारी पेश करने का मौका होगा।