Knews Desk- सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई के दौरान कथित तौर पर हंगामा करने और मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस सूर्यकांत के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में दिल्ली पुलिस ने दो कानून के छात्रों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों पर अदालत की कार्यवाही में बाधा डालने, अभद्र व्यवहार करने और सुरक्षाकर्मियों से उलझने के आरोप लगाए गए हैं। फिलहाल दोनों को पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान प्रबल प्रताप सिंह और चंदर भान के तौर पर हुई है। दोनों उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं और कानून की पढ़ाई कर रहे हैं।
कोर्ट नंबर-13 में हुआ था हंगामा
दिल्ली पुलिस ने बताया कि 10 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट की कोर्ट नंबर-13 में एक मामले की सुनवाई चल रही थी। इसी दौरान प्रबल प्रताप सिंह खुद को याचिकाकर्ता बताते हुए अदालत में पहुंचा। आरोप है कि उसने सुनवाई के दौरान आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया, दस्तावेज फेंके और न्यायिक प्रक्रिया में व्यवधान डालने की कोशिश की।
सुरक्षाकर्मियों से हुई बहस और धक्का-मुक्की
पुलिस के मुताबिक, जब कोर्ट में मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने आरोपी को रोकने का प्रयास किया तो उसने उनके साथ कथित तौर पर धक्का-मुक्की की। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले में कार्रवाई शुरू की गई।
मेडिकल जांच में नहीं मिली मानसिक उपचार की जरूरत
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद दोनों आरोपियों की मानसिक स्वास्थ्य जांच आईएचबीएएस (IHBAS) में कराई गई। डॉक्टरों की रिपोर्ट में कहा गया कि दोनों को फिलहाल किसी मानसिक इलाज की आवश्यकता नहीं है।
जांच में मिले आपत्तिजनक पर्चे
पुलिस ने जांच के दौरान आरोपियों के पास से कुछ ऐसे पर्चे बरामद किए हैं, जिनमें आपत्तिजनक शब्द लिखे होने का दावा किया गया है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इन पर्चों के पीछे क्या मकसद था और क्या इस पूरे मामले में कोई बड़ी योजना शामिल थी।
मामले की जांच आगे जारी है और पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है।