Knews Desk- मुंबई के अंधेरी पश्चिम इलाके में शुक्रवार को एक SRA (स्लम रिहैबिलिटेशन अथॉरिटी) इमारत में भीषण आग लगने से पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। यह घटना गावदेवी डोंगर क्षेत्र की यूनाइटेड सोसाइटी की बिल्डिंग नंबर-2 में हुई, जो नूर मस्जिद और खोजा जमातखाना के पास स्थित है। आग लगते ही इमारत में घना धुआं फैल गया, जिससे अंदर मौजूद लोगों में दहशत फैल गई और कई लोग बाहर निकलने का रास्ता खोजने लगे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग अचानक तेजी से फैली, जिससे लोगों को संभलने का मौका बहुत कम मिला। धुएं के कारण कई निवासी अपने फ्लैटों में ही फंस गए और मदद के लिए चिल्लाने लगे। स्थिति इतनी भयावह हो गई कि कुछ लोगों ने घबराहट में अपनी जान बचाने के लिए इमारत से छलांग तक लगा दी। हालांकि, इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों और राहत दलों ने तुरंत स्थिति को संभालने की कोशिश की।
घटना की सूचना मिलते ही मुंबई फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंचीं। फायरफाइटर्स ने प्राथमिकता के आधार पर आग पर काबू पाने और फंसे हुए लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का अभियान शुरू किया। साथ ही स्थानीय पुलिस, डी.एन. नगर पुलिस स्टेशन की टीम और अन्य आपातकालीन सेवाएं भी मौके पर पहुंच गईं और बचाव कार्य में जुट गईं।
बिजली आपूर्ति को नियंत्रित करने के लिए अदानी इलेक्ट्रिसिटी के कर्मचारी भी घटनास्थल पर बुलाए गए, ताकि किसी भी तरह की और दुर्घटना या शॉर्ट सर्किट की आशंका को रोका जा सके। कड़ी मशक्कत के बाद फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू पा लिया और धीरे-धीरे इमारत में फंसे सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि राहत और बचाव कार्य तेजी से और प्रभावी तरीके से किया गया, जिसके कारण एक बड़ा हादसा टल गया। शुरुआती जानकारी के अनुसार इस घटना में किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है, जो एक बड़ी राहत की बात है। हालांकि कुछ लोगों के घायल होने या मामूली चोट लगने की आशंका जताई जा रही है, जिनका इलाज किया जा रहा है।
फिलहाल आग लगने के सही कारणों का पता नहीं चल सका है। प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और विशेषज्ञों की टीम यह पता लगाने में जुटी है कि आग किस वजह से भड़की। प्रारंभिक जांच के बाद ही वास्तविक कारण और नुकसान का पूरा आकलन सामने आएगा।
इस घटना ने एक बार फिर घनी आबादी वाले SRA इलाकों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन निकासी तंत्र की तैयारी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोग भी इस घटना से दहशत में हैं, हालांकि राहत की बात यह है कि समय रहते स्थिति पर काबू पा लिया गया और बड़ी जनहानि टल गई।