Knews Desk- मिडिल ईस्ट से दुनिया के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। ईरान ने बड़ा संकेत देते हुए कहा है कि अगले 30 दिनों में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों की आवाजाही फिर से सामान्य हो सकती है। यानी युद्ध और तनाव से पहले जितना समुद्री ट्रैफिक इस रास्ते से गुजरता था, उसे दोबारा बहाल करने की तैयारी की जा रही है।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे अहम समुद्री व्यापार मार्गों में गिना जाता है। खाड़ी देशों से निकलने वाला बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से दुनिया तक पहुंचता है। ऐसे में जब पिछले कुछ महीनों में मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ा, तो इसका सीधा असर वैश्विक तेल सप्लाई और अर्थव्यवस्था पर पड़ा। कई जहाज कंपनियों ने सुरक्षा कारणों से अपने रूट बदल दिए थे, जबकि तेल कंपनियां भी संभावित हमलों को लेकर चिंतित थीं।

तनाव बढ़ने के कारण इस रास्ते से गुजरने वाले जहाजों की संख्या कम हो गई थी। इसका असर दुनिया भर में ईंधन की कीमतों और बाजार पर देखने को मिला। कई देशों में तेल सप्लाई प्रभावित हुई और वैश्विक व्यापार पर भी दबाव बढ़ गया।
अब ईरान की ओर से आए इस बयान को सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। माना जा रहा है कि अगर हालात सामान्य होते हैं तो तेल बाजार को बड़ी राहत मिल सकती है। जहाजों की आवाजाही बढ़ने से सप्लाई चेन दोबारा पटरी पर लौट सकती है और वैश्विक बाजार में स्थिरता आने की उम्मीद बढ़ जाएगी।
इसी बीच अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने भी सोशल मीडिया पर दावा किया है कि अमेरिका, ईरान और क्षेत्र के कुछ अन्य देशों के बीच एक बड़ा समझौता लगभग तय हो चुका है। ट्रंप ने कहा कि इस डील में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को दोबारा पूरी तरह खोलना भी शामिल है और इसका औपचारिक ऐलान जल्द किया जा सकता है। दुनिया भर की नजर अब इस संभावित समझौते और होर्मुज में हालात सामान्य होने पर टिकी हुई है।