KNEWS DESK- उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने सिपाही भर्ती परीक्षा को लेकर महत्वपूर्ण बदलावों की घोषणा की है। इस बार परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों को धार्मिक प्रतीकों जैसे कलावा और मंगलसूत्र को लेकर किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा जांच के दौरान इन्हें जबरन हटाने या कटवाने जैसी कार्रवाई नहीं की जाएगी।

यह फैसला ऐसे समय में आया है जब पिछले कुछ वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के दौरान धार्मिक प्रतीकों को लेकर विवाद सामने आते रहे हैं।
कलावा और मंगलसूत्र पहनने पर नहीं होगी रोक
भर्ती बोर्ड के नए निर्देशों के अनुसार परीक्षा केंद्रों पर आने वाले अभ्यर्थी कलावा, मंगलसूत्र और अन्य सामान्य धार्मिक प्रतीक पहनकर परीक्षा दे सकेंगे। सुरक्षा जांच के दौरान इन वस्तुओं को हटाने की आवश्यकता नहीं होगी। बोर्ड का कहना है कि परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के साथ-साथ अभ्यर्थियों की धार्मिक भावनाओं का भी सम्मान किया जाएगा।
हाईटेक गैजेट्स पर रहेगी कड़ी नजर
हालांकि धार्मिक प्रतीकों को लेकर राहत दी गई है, लेकिन परीक्षा में नकल रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था पहले से अधिक मजबूत की गई है।
विशेष रूप से इन उपकरणों पर निगरानी रखी जाएगी स्मार्ट मेटा चश्मे, इलेक्ट्रॉनिक पेन, ब्लूटूथ आधारित डिवाइस, अन्य छिपे हुए स्मार्ट गैजेट्स परीक्षा केंद्रों पर तैनात कर्मचारियों और शिक्षकों को भी मोबाइल फोन अंदर ले जाने की अनुमति नहीं होगी।
CCTV निगरानी में होगी परीक्षा
परीक्षा केंद्रों पर व्यापक स्तर पर CCTV कैमरे लगाए जाएंगे ताकि प्रत्येक गतिविधि पर नजर रखी जा सके। सुरक्षा एजेंसियों और प्रशासनिक अधिकारियों को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
28 लाख से अधिक अभ्यर्थी देंगे परीक्षा
उत्तर प्रदेश सिपाही भर्ती परीक्षा राज्य की सबसे बड़ी भर्ती परीक्षाओं में से एक मानी जा रही है। मुख्य आंकड़े परीक्षा तिथि: 8 जून से 10 जून, कुल पद: 32,679 अभ्यर्थी: 28 लाख से अधिक, जिले: 75, परीक्षा केंद्र: 1,183
पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया पर जोर
भर्ती बोर्ड का उद्देश्य परीक्षा को पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और नकलमुक्त तरीके से संपन्न कराना है। इसके लिए तकनीकी निगरानी, सुरक्षा जांच और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को और मजबूत किया गया है।
अधिकारियों का मानना है कि नए नियमों से अभ्यर्थियों को सुविधा मिलेगी और परीक्षा प्रक्रिया भी अधिक व्यवस्थित तरीके से पूरी हो सकेगी।