KNEWS DESK – बॉलीवुड अभिनेता सैफ अली खान ने अपने करियर में कई यादगार किरदार निभाए हैं, लेकिन फिल्म ‘ओमकारा’ में उनका लंगड़ा त्यागी का रोल आज भी उनके सबसे बेहतरीन प्रदर्शन में गिना जाता है। अब फिल्म की रिलीज के कई साल बाद सैफ ने शूटिंग से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा साझा किया है, जिसने फैंस का ध्यान खींच लिया है।
हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में सैफ ने खुलासा किया कि निर्देशक विशाल भारद्वाज ने उन्हें फिल्म के एक अहम सीन के लिए बिना कपड़ों के शूट करने का सुझाव दिया था। हालांकि, उस समय सैफ ने इसे लेकर एक मजेदार शर्त रख दी थी।
विशाल भारद्वाज ने रखा था अलग तरह का प्रस्ताव
द हॉलीवुड रिपोर्टर इंडिया से बातचीत के दौरान सैफ अली खान ने बताया कि फिल्म में एक ऐसा सीन था, जिसमें उनके किरदार को आईने के सामने खड़े होकर लंबा डायलॉग बोलना था।
सैफ ने कहा कि उसी दौरान विशाल भारद्वाज ने उनसे पूछा कि क्या वह इस सीन को बिना कपड़ों के शूट करने के लिए तैयार हैं। निर्देशक का मानना था कि इससे सीन का प्रभाव और भी ज्यादा मजबूत होगा।
सैफ ने रख दी मजेदार शर्त
सैफ ने बताया कि उस वक्त सेट पर काफी लोग मौजूद थे, इसलिए वह इस तरह का सीन करने में सहज महसूस नहीं कर रहे थे। ऐसे में उन्होंने विशाल भारद्वाज से हंसते हुए कहा कि अगर निर्देशक खुद भी उसी तरह बिना कपड़ों के शूट करेंगे, तभी वह भी ऐसा करेंगे।
सैफ के मुताबिक, उनकी बात सुनकर विशाल भारद्वाज ने तुरंत मना कर दिया और दोनों इस बात पर हंस पड़े। अभिनेता ने इस पूरे वाकये को शूटिंग के सबसे मजेदार पलों में से एक बताया।
अब होता है अफसोस
सैफ अली खान ने कहा कि आज जब वह उस सीन को याद करते हैं, तो उन्हें लगता है कि शायद उन्हें निर्देशक का सुझाव मान लेना चाहिए था।
उनके मुताबिक, सीन को पीछे से सिल्हूट के रूप में फिल्माया जाना था, जिससे वह कलात्मक और प्रभावशाली दिखाई देता। सैफ ने कहा कि उस समय पूरी टीम कुछ नया करने की कोशिश कर रही थी और अगर आज ऐसा कोई सीन हो, तो वह उसे करने में हिचकिचाएंगे नहीं।
सैफ ने यह भी खुलासा किया कि शूटिंग के दौरान उस सीन में बड़ा बदलाव किया गया। शुरुआत में इसमें लंबा डायलॉग रखा गया था, लेकिन बाद में विशाल भारद्वाज ने फैसला किया कि बिना किसी संवाद के यह दृश्य ज्यादा असरदार लगेगा।
इसके बाद सीन को पूरी तरह नए अंदाज में फिल्माया गया और यही वर्जन फिल्म में शामिल किया गया। आज भी ‘ओमकारा’ में सैफ अली खान का किरदार और उनका अभिनय हिंदी सिनेमा के सबसे यादगार प्रदर्शनों में शुमार किया जाता है।