रक्षाबंधन की पूजा थाली में जरूर रखें ये चीजें, तभी पूरी मानी जाती है राखी की रस्म

राखी बांधने से पहले बहनें भाई की पूजा करती हैं और इसके लिए खास थाली तैयार की जाती है. जानिए रक्षाबंधन की थाली में किन चीजों को शामिल करना शुभ माना जाता है और उनका क्या महत्व है.

Knews Desk– भाई-बहन के प्रेम और स्नेह का प्रतीक रक्षाबंधन का त्योहार आज देशभर में मनाया जा रहा है. इस दिन बहनें भाई की कलाई पर राखी बांधने से पहले उसकी पूजा करती हैं. पूजा के लिए सजाई जाने वाली थाली का भी विशेष महत्व माना जाता है. परंपरा के अनुसार थाली में कुछ जरूरी चीजें शामिल की जाती हैं, जिनके बिना राखी की रस्म अधूरी मानी जाती है.

रक्षाबंधन की पूजा थाली में सबसे पहले राखी, रोली, अक्षत, चंदन, दीपक और मिठाई रखी जाती है. इन सभी चीजों का धार्मिक दृष्टि से अलग-अलग महत्व बताया गया है. पूजा के दौरान इन्हीं सामग्रियों का इस्तेमाल कर भाई का तिलक, आरती और रक्षासूत्र बांधने की रस्म पूरी की जाती है.

रोली, चंदन और अक्षत को पूजा की प्रमुख सामग्रियों में शामिल किया जाता है. बहन सबसे पहले भाई के माथे पर रोली या चंदन से तिलक लगाती है और उसके बाद अक्षत लगाती है. हिंदू धार्मिक परंपराओं में अक्षत यानी साबुत चावल को पूर्णता और अखंडता का प्रतीक माना जाता है. मान्यता है कि तिलक और अक्षत भाई के जीवन में सुख, समृद्धि और सफलता की कामना के साथ लगाए जाते हैं.

पूजा की थाली में दीपक रखना भी जरूरी माना जाता है. दीपक जलाकर भाई की आरती उतारी जाती है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार दीपक सकारात्मकता और शुभता का प्रतीक है. आरती के बाद बहन भाई की कलाई पर राखी बांधती है और उसके सुखी, स्वस्थ और सफल जीवन की कामना करती है.

थाली में मिठाई भी जरूर रखी जाती है. राखी बांधने और आरती की रस्म पूरी होने के बाद बहन भाई का मुंह मीठा कराती है. इसके बाद भाई भी अपनी बहन को मिठाई खिलाकर उसके प्रति अपना प्यार जाहिर करता है. मिठाई को शुभ अवसर पर खुशियां बांटने और रिश्ते में मिठास का प्रतीक माना जाता है.

इन सभी चीजों के साथ थाली में सबसे महत्वपूर्ण स्थान राखी का होता है. बहन अपनी पसंद की राखी को पूजा की थाली में रखकर पहले पूजा करती है और फिर भाई की कलाई पर रक्षासूत्र बांधती है. आम तौर पर क्रम के अनुसार तिलक, अक्षत, आरती, राखी बांधने और मिठाई खिलाने की रस्म पूरी की जाती है.

रक्षाबंधन सिर्फ राखी बांधने का त्योहार नहीं, बल्कि भाई-बहन के बीच प्रेम, विश्वास और एक-दूसरे की खुशियों की कामना का पर्व है. पूजा की थाली में रखी हर सामग्री इसी भावना को दर्शाती है. इसलिए राखी के दिन थाली को श्रद्धा और परंपरा के अनुसार सजाकर भाई की पूजा करना इस त्योहार की रस्म को और खास बना देता है.