KNEWS DESK- जयपुर के चर्चित नीरजा मोदी स्कूल की छात्रा अमायरा की मौत मामले में आज अहम न्यायिक फैसला आने वाला है। एसीजेएम-10 (ACJM-10) कोर्ट में मामले की सुनवाई पूरी हो चुकी है और अब अदालत प्रसंज्ञान (Cognizance) पर अपना आदेश सुनाएगी। इस फैसले से तय होगा कि स्कूल संचालक समेत चार आरोपियों के खिलाफ आगे कानूनी कार्रवाई शुरू होगी या नहीं।
इस मामले में स्कूल संचालक सौरभ मोदी, प्रिंसिपल इंदु दुबे, शिक्षिका पुनीता शर्मा और सफाईकर्मी रामू को आरोपी बनाया गया है। छात्रा के परिजनों ने आरोप लगाया है कि स्कूल प्रशासन की कथित लापरवाही और कार्यप्रणाली के कारण उनकी बेटी मानसिक रूप से प्रताड़ित हुई। उनका यह भी आरोप है कि घटना के बाद साक्ष्य मिटाने और पूरे मामले को दबाने की कोशिश की गई। इन आरोपों के आधार पर आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने सहित अन्य धाराओं में कार्रवाई की मांग की गई है।
यह मामला 1 नवंबर 2025 का है, जब नीरजा मोदी स्कूल में कक्षा 4 में पढ़ने वाली छात्रा अमायरा की स्कूल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद मौत हो गई थी। इस घटना ने पूरे राजस्थान में सनसनी मचा दी थी और स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा, निगरानी व्यवस्था तथा मानसिक स्वास्थ्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए थे।
पीड़ित परिवार का दावा है कि उनकी बेटी को ऐसी परिस्थितियों में धकेला गया, जिसने उसे यह कठोर कदम उठाने के लिए मजबूर किया। परिजनों का यह भी कहना है कि घटना के बाद स्कूल प्रशासन ने तथ्यों को छिपाने और सबूतों को प्रभावित करने की कोशिश की। वहीं, बचाव पक्ष ने इन सभी आरोपों को खारिज करते हुए अदालत में कहा कि उनके मुवक्किलों के खिलाफ लगाए गए आरोप तथ्यों पर आधारित नहीं हैं।
दोनों पक्षों की दलीलें पूरी होने के बाद अब एसीजेएम-10 कोर्ट आज यह तय करेगी कि मामले में आरोपियों के खिलाफ प्रसंज्ञान लिया जाए या नहीं। अदालत के इस आदेश के बाद आगे की न्यायिक प्रक्रिया की दिशा स्पष्ट होगी। इस बहुचर्चित मामले पर पीड़ित परिवार, स्कूल प्रशासन और आम लोगों की नजरें टिकी हुई हैं, क्योंकि आज का फैसला केस की आगे की सुनवाई के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।