चित्रकूट में बाढ़ का कहर, मंदाकिनी के तेज बहाव से पुल की एप्रोच रोड बही, हाईवे पर भारी वाहन बंद

KNews Desk: उत्तर प्रदेश के चित्रकूट में लगातार बारिश के चलते बाढ़ के हालात गंभीर होते जा रहे हैं। मंदाकिनी नदी का जलस्तर बढ़ने से कर्वी शहर को जोड़ने वाले पुल पर पानी का दबाव बढ़ गया। तेज बहाव के कारण पुल की एप्रोच रोड का एक हिस्सा धंसकर नदी में समा गया। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने पुल से भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी है। इससे झांसी-प्रयागराज नेशनल हाईवे पर यातायात प्रभावित हुआ है।

जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को मंदाकिनी नदी का पानी पुल के ऊपर से बहने लगा था। इसके बाद तेज बहाव ने पुल की एप्रोच रोड को नुकसान पहुंचाया और उसका एक हिस्सा नदी में बह गया। घटना के बाद प्रशासन और संबंधित विभागों की टीमें मौके पर पहुंचीं और स्थिति का जायजा लिया। सुरक्षा के मद्देनजर भारी वाहनों को पुल से गुजरने की अनुमति नहीं दी जा रही है।

निचले इलाकों में बढ़ी परेशानी

मंदाकिनी नदी के बढ़ते जलस्तर का असर चित्रकूट के रामघाट और निर्मोही अखाड़ा समेत कई निचले इलाकों में भी दिखाई दे रहा है। इन क्षेत्रों में पानी फैलने से स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। प्रशासन ने लोगों से नदी और उसके आसपास जाने से बचने की अपील की है। संवेदनशील इलाकों में निगरानी भी बढ़ा दी गई है।

बाढ़ के कारण चित्रकूट में सड़क यातायात भी प्रभावित हुआ है। इससे पहले मंदाकिनी का पानी पुल के ऊपर पहुंचने के बाद हाईवे पर यातायात रोकना पड़ा था। अब एप्रोच रोड के क्षतिग्रस्त होने के कारण भारी वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध जारी है। इससे यात्रियों और मालवाहक वाहनों को वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ रहा है।

मरम्मत का काम शुरू

एप्रोच रोड को हुए नुकसान के बाद मरम्मत के लिए कर्मचारी मौके पर जुटे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, मार्ग को दुरुस्त करने में कुछ समय लग सकता है। फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता यातायात को सुरक्षित रखना और किसी भी अप्रिय घटना को रोकना है।

लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर ने उत्तर भारत के कई हिस्सों में बाढ़ का खतरा बढ़ा दिया है। चित्रकूट में भी प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है। जरूरत पड़ने पर प्रभावित इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी की जा रही है।

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