Knews Desk– राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण में पुलिस की ओर से न्यायालय में दाखिल चार्जशीट में आरोपितों की कथित तौर पर चोरी की रकम के इस्तेमाल और निवेश से जुड़ी कई जानकारियां सामने आई हैं। पुलिस के मुताबिक, रकम को रिश्तेदारों के खातों में जमा कराने और महंगी चीजें खरीदने में इस्तेमाल किया गया।
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में पुलिस की चार्जशीट के अनुसार, आरोपितों ने कथित तौर पर चोरी की रकम को अपने और परिजनों के बैंक खातों में नकद जमा कराया। पुलिस के मुताबिक, अविनाश शुक्ला उर्फ शनि ने अपने और परिजनों के खातों में करीब 6.71 लाख रुपये जमा किए। लवकुश मिश्रा ने पत्नी सुप्रिया मिश्रा के खाते में करीब 14.39 लाख रुपये और करुणेश पाण्डेय ने परिजनों के खातों में करीब 20.18 लाख रुपये जमा किए। रमाशंकर मिश्रा ने करीब 20.93 लाख रुपये नकद जमा किए।
चार्जशीट के मुताबिक, मनीष यादव ने सनी यादव के खाते में दो लाख रुपये जमा किए। रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू ने अपने और पत्नी के खातों में करीब 8.48 लाख रुपये जमा किए। वहीं, अनुकल्प मिश्रा ने पिता रवींद्र मिश्रा के नाम स्विफ्ट डिजायर कार खरीदने के लिए तीन लाख रुपये दिए और भागवत कथा के आयोजन पर 7.33 लाख रुपये खर्च किए।
पुलिस के अनुसार, अविनाश शुक्ला ने भाई अभिषेक शुक्ला को ब्रेजा कार खरीदने के लिए तीन लाख और भाई आशीष शुक्ला को शादी के लिए छह लाख रुपये नकद दिए। रामशंकर यादव ने अर्टिगा कार और बुलेट खरीदी। चार्जशीट में रमाशंकर मिश्रा द्वारा 1.03 लाख रुपये का कैमरा और 22,200 रुपये तथा 2,900 रुपये की अंगूठियां खरीदने का भी उल्लेख है।
अनुकल्प मिश्रा ने अपने HDFC खाते में करीब 21.10 लाख रुपये नकद जमा किए। इसी खाते से पिता रवींद्र कुमार के खाते में 12 लाख रुपये भेजे गए। इसके अलावा 17.5 लाख रुपये रिश्तेदारों और मित्रों रामेन्द्र, कौशल और राजीव तिवारी को पांच-पांच लाख रुपये नकद देने का भी जिक्र चार्जशीट में किया गया है।