KNEWS DESK: पड़ोसियों के बीच होने वाले छोटे-मोटे झगड़े कई बार इतना बढ़ जाते हैं कि मामला हैरान कर देने वाला रूप ले लेता है। हाल ही में सामने आया एक मामला इसी बात का उदाहरण है, जिसमें बदला लेने के लिए अपनाया गया तरीका आखिरकार खुद ही मुसीबत बन गया।
भूतों की आवाजों से लिया बदला, पूरी बिल्डिंग हुई परेशान, कानूनी सीमा में था शोर
चीन के गुआंगडोंग प्रांत के गुआंगझोउ शहर में रहने वाले दो लोगों का अपने पड़ोसी से विवाद हो गया। इस विवाद के बाद उन्होंने बदला लेने के लिए एक अजीब तरीका चुना। उन्होंने अपने पड़ोसी की दीवार के पास एक लाउडस्पीकर लगा दिया और उस पर रोजाना डरावनी भूतों की कहानियां और आवाजें चलाने लगे। ये आवाजें सुबह करीब 8:45 बजे से दोपहर तक और फिर शाम 3:30 बजे से रात 10 बजे तक चलती थीं। यानी रोज 10 घंटे से ज्यादा समय तक आसपास डरावनी आवाजों का माहौल बना रहता था। इस हरकत से सिर्फ एक पड़ोसी ही नहीं, बल्कि पूरी बिल्डिंग के लोग परेशान हो गए। खासकर ऊपर रहने वाले एक व्यक्ति को ज्यादा दिक्कत हुई, क्योंकि उनके बच्चे की परीक्षाएं चल रही थीं और लगातार शोर से पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। मामले को और जटिल बनाने वाली बात यह थी कि स्पीकर से निकलने वाली आवाज कानूनी सीमा के अंदर थी। दिन में अनुमत सीमा 60 डेसिबल और रात में 50 डेसिबल होती है, जबकि घर के अंदर यह आवाज लगभग 36 डेसिबल मापी गई। इसी वजह से प्रशासन तुरंत सख्त कार्रवाई नहीं कर पाया।
कोर्ट ने दिया सख्त आदेश
आखिरकार परेशान पड़ोसी ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और संभावित नुकसान को रोकने के लिए प्री-लिटिगेशन इंजंक्शन की मांग की। कोर्ट ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तुरंत हस्तक्षेप किया और स्पीकर लगाने वाले व्यक्ति को यह गतिविधि बंद करने का आदेश दिया। कोर्ट के निर्देश के बाद आरोपी ने स्पीकर हटा दिया, सभी रिकॉर्डिंग डिलीट कर दीं और भविष्य में ऐसी हरकत न करने का वादा किया।
क्या सिखाता है यह मामला?
यह घटना साफ तौर पर दिखाती है कि छोटी-सी पड़ोसी लड़ाई भी बड़ा विवाद बन सकती है। साथ ही यह भी सीख मिलती है कि किसी को परेशान करने के लिए गलत तरीके अपनाना अंततः खुद के लिए परेशानी खड़ी कर सकता है।