शिव शंकर सविता- गाजीपुर में रविवार शाम एक ऐसा दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दीं। रेलवे ट्रैक पर साथ चल रहे तीन मजदूर कुछ ही पलों में हमेशा के लिए बिछड़ गए। गहमर रेलवे स्टेशन से आगे बारा हाल्ट के पास डाउन लाइन पर हुए इस हादसे में तीनों की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। मृतकों की पहचान जयनाथ सहनी (33), पप्पू कुमार (33) और गुलचंद कुमार (38) के रूप में हुई है। तीनों बिहार के मुजफ्फरपुर और वैशाली जिलों के रहने वाले थे। रोजी-रोटी की तलाश में वे घर से दूर चौसा स्थित एनटीपीसी थर्मल पावर प्लांट में एल एंड टी कंपनी के तहत मजदूरी कर रहे थे। लेकिन किसे पता था कि यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा।
कंधे से कंधा मिलाकर चल रहे थे तीनों
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसे के वक्त तीनों मजदूर रेलवे ट्रैक पर एक-दूसरे के कंधे पर हाथ रखकर चल रहे थे। वे हंसते-बात करते आगे बढ़ रहे थे, मानो जिंदगी के छोटे-छोटे पलों को जी रहे हों। सामने से आ रही ट्रेन में बैठे यात्रियों को हाथ हिलाकर अभिवादन भी कर रहे थे। लेकिन इसी दौरान पीछे से आ रही इंदौर-पटना एक्सप्रेस तेज रफ्तार से उनकी ओर बढ़ रही थी। ट्रेन चालक ने कई बार हॉर्न बजाया, सामने से आ रही दूसरी ट्रेन के ड्राइवर ने भी उन्हें सावधान करने की कोशिश की, लेकिन तीनों ट्रैक से नहीं हटे।
कुछ ही सेकंड में खत्म हो गई जिंदगी
तेज रफ्तार ट्रेन को अचानक रोक पाना संभव नहीं था। अगले ही पल तीनों मजदूर उसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना भयानक था कि तीनों के शव बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गए। मौके पर मौजूद लोग यह मंजर देखकर सन्न रह गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लिया। शुरुआत में हालत इतनी खराब थी कि पहचान करना भी मुश्किल हो गया था। बाद में आधार कार्ड और परिजनों की मदद से तीनों की शिनाख्त हो सकी।
घरों में मचा कोहराम
जैसे ही यह खबर उनके घर पहुंची, परिवारों में चीख-पुकार मच गई। जिन हाथों से घर चलाने की उम्मीद थी, वही हाथ अब हमेशा के लिए थम गए। तीनों परिवारों के सपने एक ही झटके में बिखर गए। स्थानीय लोगों के मुताबिक, हादसे से पहले तीनों भतौरा गांव की एक शराब की दुकान से लौट रहे थे और आशंका है कि वे नशे की हालत में थे। हालांकि पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है। अधिकारियों ने बताया कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।