Knews Desk- दिल्ली स्थित राम मनोहर लोहिया अस्पताल ने ब्लड डोनेशन सिस्टम को अधिक तेज, संगठित और प्रभावी बनाने के लिए एक नई पहल ‘रक्त सेतु’ अभियान की शुरुआत की है। इस अभियान का उद्देश्य आपात स्थिति में मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराना है, ताकि इलाज में देरी न हो और अधिक से अधिक जिंदगियां बचाई जा सकें।
इस योजना के तहत इच्छुक ब्लड डोनर्स को पहले ऑनलाइन पोर्टल aaosathchalen.org पर रजिस्ट्रेशन कराना होगा। रजिस्ट्रेशन के बाद जब भी किसी मरीज को इमरजेंसी में रक्त की आवश्यकता होगी, अस्पताल सिस्टम रजिस्टर्ड डोनर्स से तुरंत संपर्क करेगा और जरूरत के अनुसार उन्हें रक्तदान के लिए बुलाया जाएगा। यह पूरी प्रक्रिया तेज और रियल टाइम होगी, जिससे ब्लड की उपलब्धता में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, कई बार रेयर ब्लड ग्रुप या विशेष परिस्थितियों में मरीजों को समय पर रक्त नहीं मिल पाता, जिससे उनकी स्थिति गंभीर हो जाती है। ऐसे मामलों में ‘रक्त सेतु’ अभियान एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, क्योंकि इसके जरिए अस्पताल के पास पहले से ब्लड डोनर्स का विस्तृत डेटाबेस उपलब्ध रहेगा।
इस पहल को लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी सराहना मिल रही है। बीजेपी दिल्ली प्रदेश महामंत्री विष्णु मित्तल ने कहा कि यह एक बेहद महत्वपूर्ण कदम है, जो स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करेगा। उन्होंने कहा कि अगर यह व्यवस्था सही तरीके से लागू होती है तो हजारों लोगों की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने अन्य जनप्रतिनिधियों और समाज के लोगों से भी इस अभियान से जुड़ने की अपील की है। अभियान के तहत एक विशेष इमरजेंसी ब्लड हेल्पलाइन भी शुरू की गई है, जो मरीजों और डोनर्स के बीच एक त्वरित सेतु का कार्य करेगी। इस हेल्पलाइन के जरिए जरूरतमंद मरीजों को बिना देरी सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी।
अस्पताल अधिकारियों का मानना है कि यदि समय पर एक यूनिट ब्लड भी मिल जाए तो कई जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। इसी सोच के साथ यह पहल शुरू की गई है, ताकि किसी भी मरीज को ब्लड की कमी के कारण परेशानी न झेलनी पड़े। फिलहाल यह योजना आरएमएल अस्पताल में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर शुरू की गई है, लेकिन भविष्य में इसे दिल्ली के अन्य बड़े अस्पतालों में भी लागू करने की तैयारी है। इससे राजधानी में ब्लड सप्लाई सिस्टम और अधिक मजबूत और प्रभावी बनने की उम्मीद है।