KNEWS DESK- बालों की सफाई के लिए हमेशा महंगे शैंपू पर निर्भर रहना जरूरी नहीं है। रीठा, आंवला, शिकाकाई और मुल्तानी मिट्टी जैसी पारंपरिक चीजों का इस्तेमाल लंबे समय से बालों की सफाई के लिए किया जाता रहा है। जानिए इनके इस्तेमाल का सही तरीका।

आजकल बाजार में बालों की जरूरत के हिसाब से कई तरह के शैंपू मौजूद हैं। कोई बालों को मजबूत बनाने का दावा करता है तो कोई डैंड्रफ और हेयर फॉल को कम करने का। हालांकि शैंपू का मुख्य काम स्कैल्प और बालों से गंदगी, अतिरिक्त तेल और बिल्डअप को साफ करना होता है। ऐसे में अगर आप अपनी हेयर केयर रूटीन में प्राकृतिक विकल्प शामिल करना चाहती हैं, तो कुछ पारंपरिक चीजों को आजमा सकती हैं।
रीठा, आंवला और शिकाकाई
रीठा, आंवला और शिकाकाई का इस्तेमाल बालों की सफाई के लिए पुराने समय से होता आया है। रीठे में प्राकृतिक रूप से सैपोनिन पाया जाता है, जो झाग बनाने और बालों से गंदगी हटाने में मदद कर सकता है। वहीं आंवला और शिकाकाई को पारंपरिक तौर पर बालों की देखभाल में इस्तेमाल किया जाता है।
इसके लिए आंवला और शिकाकाई पाउडर को पानी में भिगोकर रखें। रीठे को भी अलग से भिगोया जा सकता है। अगले दिन इन्हें उबालकर ठंडा करें और छान लें। तैयार पानी को स्कैल्प और बालों पर लगाकर हल्के हाथों से मसाज करें और फिर अच्छी तरह पानी से धो लें।
शैंपू जिंजर से भी धो सकते हैं बाल
कुछ जगहों पर शैंपू जिंजर के पौधे के फूल से निकलने वाले जेल जैसे पदार्थ का इस्तेमाल पारंपरिक हेयर क्लींजर के तौर पर किया जाता है। इसके फूल को हल्का दबाने पर जेल जैसा पदार्थ निकलता है, जिसे बालों पर लगाया जा सकता है। हालांकि पहली बार इस्तेमाल करने से पहले थोड़ी मात्रा में त्वचा पर पैच टेस्ट करना बेहतर है। अगर जलन, खुजली या लालिमा हो तो इसका इस्तेमाल न करें।
मुल्तानी मिट्टी से करें हेयर वॉश
मुल्तानी मिट्टी का इस्तेमाल भी पुराने समय से बालों को साफ करने के लिए किया जाता रहा है। यह स्कैल्प से अतिरिक्त तेल और गंदगी हटाने में मदद कर सकती है। इसके लिए मुल्तानी मिट्टी को पानी में करीब 20-30 मिनट भिगोकर नरम पेस्ट तैयार करें। इसे बालों की जड़ों से लेकर लंबाई तक लगाएं। कुछ मिनट बाद बिना जोर से रगड़े पानी से अच्छी तरह धो लें। अगर आपके बाल बहुत रूखे हैं, तो इसे बार-बार इस्तेमाल करने से बचें, क्योंकि मिट्टी बालों की नमी कम कर सकती है।
एलोवेरा जेल भी कर सकते हैं शामिल
मुल्तानी मिट्टी में थोड़ी मात्रा में एलोवेरा जेल मिलाने से मिश्रण ज्यादा आसानी से बालों पर लगाया जा सकता है। एलोवेरा स्कैल्प को ठंडक और नमी देने में मदद कर सकता है।
ध्यान रखें ये बातें
नेचुरल होने का मतलब यह नहीं है कि हर चीज हर व्यक्ति के बालों के लिए सही होगी। किसी भी नए घरेलू हेयर केयर उपाय को इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करें। आंखों से दूर रखें और अगर स्कैल्प पर लगातार खुजली, घाव, ज्यादा डैंड्रफ या बाल झड़ने की समस्या है, तो घरेलू नुस्खों के बजाय विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर है।
प्राकृतिक चीजें बालों की सफाई में मदद कर सकती हैं, लेकिन इन्हें बालों को स्थायी रूप से काला, घना या लंबा करने का प्रमाणित इलाज नहीं माना जाना चाहिए।