Knews Desk- भोपाल में ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला लगातार गहराता जा रहा है। अब मृतका के परिवार ने राष्ट्रपति तक गुहार लगाते हुए मामले में निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग की है। परिवार का कहना है कि अगर ट्विशा ने आत्महत्या की थी, तो उनके शरीर पर कई चोटों के निशान कैसे मिले। इसी सवाल को लेकर परिजन लगातार जांच एजेंसियों और पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठा रहे हैं।
परिवार का आरोप है कि ट्विशा शादी के बाद से मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना झेल रही थीं। उन्होंने दावा किया कि ट्विशा ने कई बार अपने करीबी लोगों को ससुराल पक्ष द्वारा परेशान किए जाने की जानकारी दी थी। परिवार का कहना है कि मौत से पहले भी ट्विशा तनाव में थीं और घर लौटना चाहती थीं।

मामले में सामने आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट और शरीर पर मिले चोटों के निशानों ने संदेह को और बढ़ा दिया है। परिजनों का कहना है कि आत्महत्या के मामले में इतने चोट के निशान सामान्य नहीं माने जा सकते। इसी वजह से वे मामले की गहन और निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
परिवार ने आरोप लगाया कि जांच में कई अहम पहलुओं को नजरअंदाज किया जा रहा है। उनका कहना है कि प्रभावशाली लोगों की वजह से मामले को दबाने की कोशिश हो रही है। इसी कारण उन्होंने राष्ट्रपति से हस्तक्षेप की अपील की है।
उधर पुलिस और जांच एजेंसियां मामले की जांच में जुटी हैं। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और फॉरेंसिक रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
ट्विशा शर्मा केस अब केवल एक संदिग्ध मौत का मामला नहीं रह गया है, बल्कि यह न्याय और जांच प्रक्रिया पर उठ रहे सवालों का बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है। परिवार को उम्मीद है कि निष्पक्ष जांच से सच्चाई सामने आएगी और ट्विशा को न्याय मिलेगा।