KNEWS DESK – बॉलीवुड एक्ट्रेस और सांसद कंगना रनौत अपने बेबाक बयानों के लिए जानी जाती हैं। वह अक्सर अलग-अलग मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखती हैं। कई बार अपने बयानों की वजह से उन्हें ट्रोलिंग का सामना भी करना पड़ता है। हालांकि, इस बार कंगना एक्ट्रेस तृषा कृष्णन के समर्थन में उतर आई हैं।
तृषा कृष्णन और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के बेटे उदयनिधि स्टालिन को लेकर कुछ समय से डेटिंग की खबरें सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। इसी बीच तृषा को लेकर कई तरह की टिप्पणियां की जा रही हैं और उनके कैरेक्टर पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। अब कंगना ने बिना तृषा का नाम लिए इन ट्रोल्स को जवाब दिया है।
कंगना ने महिलाओं को निशाना बनाने पर उठाया सवाल
कंगना ने कहा कि जब किसी महिला और पुरुष के बीच रिश्ता होता है और विवाद खड़ा होता है, तो अक्सर महिला के चरित्र को ही निशाना बनाया जाता है।
उन्होंने कहा, “जब गाली-गलौज और किसी के चरित्र पर सवाल उठाने की बात आती है, तो हमेशा महिला को ही निशाना बनाया जाता है।”
कंगना ने आगे कहा कि यह समस्या सिर्फ भारत तक सीमित नहीं है, बल्कि दुनियाभर में देखने को मिलती है। उनके मुताबिक कामकाजी महिलाओं, सफल महिलाओं, अभिनेत्रियों, नेताओं और सत्ता या किसी बड़े पद पर बैठी महिलाओं के चरित्र पर सवाल उठाकर उन्हें कमजोर करने की कोशिश की जाती है।
उदयनिधि के बयान के बाद शुरू हुआ विवाद
दरअसल, कावेरी जल विवाद और कर्नाटक की मेकेदाटू परियोजना के विरोध में तंजावुर में आयोजित डीएमके के प्रदर्शन के दौरान उदयनिधि स्टालिन ने भाषण दिया था। इसी दौरान भीड़ की ओर से तृषा कृष्णन का नाम लिए जाने पर उदयनिधि की एक टिप्पणी को लेकर विवाद खड़ा हो गया।
उनकी टिप्पणी को लेकर तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) की ओर से आपत्ति जताई गई। पार्टी ने आरोप लगाया कि उदयनिधि ने सार्वजनिक मंच से एक महिला के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की।
विवाद बढ़ने के बाद उदयनिधि के खिलाफ मामला दर्ज किया गया और 4 अगस्त को उन्हें उनके चेन्नई स्थित घर से गिरफ्तार किए जाने की बात सामने आई। हालांकि, बाद में उन्हें जमानत मिल गई।
इस पूरे विवाद के बीच कंगना रनौत का महिलाओं के समर्थन में सामने आना चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने सीधे तौर पर तृषा का नाम नहीं लिया, लेकिन उनके बयान को मौजूदा विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है।
कंगना का कहना है कि किसी महिला को उसके निजी रिश्तों या चरित्र को लेकर निशाना बनाकर उसे कमजोर करना सही नहीं है।