KNEWS DESK- केंद्र सरकार ने घरेलू गैस उपभोक्ताओं के लिए एक अहम नियम सख्ती से लागू करना शुरू कर दिया है, जिसका सीधा असर लाखों परिवारों पर पड़ सकता है। नए प्रावधान के तहत अब “वन हाउसहोल्ड, वन कनेक्शन” नीति को लागू किया जा रहा है, यानी एक ही घर में सब्सिडी वाला एलपीजी सिलेंडर और पाइप्ड नैचुरल गैस (PNG) दोनों का एक साथ इस्तेमाल करना नियमों के खिलाफ माना जाएगा।
Ministry of Petroleum and Natural Gas के निर्देशों के अनुसार, ऑयल कंपनियों और गैस डिस्ट्रीब्यूटर्स को साफ तौर पर कहा गया है कि जिन घरों में PNG कनेक्शन मौजूद है, उन्हें नया एलपीजी कनेक्शन या रीफिल जारी न किया जाए। इस फैसले का मकसद सब्सिडी वाले गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी रोकना और जरूरतमंद परिवारों तक गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करना है।
सरकार का मानना है कि कई शहरी इलाकों में ऐसे मामले सामने आए हैं, जहां लोग PNG के बावजूद एलपीजी सिलेंडर का भी लाभ ले रहे हैं। इससे सप्लाई पर दबाव बढ़ता है और वास्तविक जरूरतमंदों तक गैस नहीं पहुंच पाती। इसी वजह से अब गैस कंपनियां ऐसे उपभोक्ताओं की पहचान कर रही हैं और नियमों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है।
वैश्विक स्तर पर बढ़ते ऊर्जा संकट ने भी इस फैसले को प्रभावित किया है। भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है—करीब 88% कच्चा तेल, 50% प्राकृतिक गैस और लगभग 60% एलपीजी विदेशों से आता है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय हालातों का सीधा असर देश की सप्लाई चेन पर पड़ता है, जिसे देखते हुए सरकार गैस के उपयोग को नियंत्रित करने की दिशा में कदम उठा रही है।
इस नियम का असर सिर्फ घरों तक सीमित नहीं है, बल्कि होटल, रेस्टोरेंट और अन्य व्यावसायिक इकाइयों पर भी पड़ सकता है। कई जगहों पर वैकल्पिक ईंधन अपनाने की सलाह दी जा रही है, ताकि गैस की खपत को संतुलित किया जा सके।
फिलहाल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों की बात करें तो 14.2 किलो का घरेलू सिलेंडर दिल्ली में करीब 913 रुपये में मिल रहा है, जबकि 5 किलो वाला छोटा सिलेंडर लगभग 339 रुपये में उपलब्ध है।
ऐसे में अगर आपके घर में भी एलपीजी और PNG दोनों कनेक्शन मौजूद हैं, तो नियमों के तहत किसी एक कनेक्शन को सरेंडर करना जरूरी हो सकता है। ऐसा न करने पर आपका गैस कनेक्शन बंद किया जा सकता है, इसलिए समय रहते जरूरी कदम उठाना ही बेहतर होगा।