KNEWS DESK- जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने प्रदर्शनकारी छात्रों की मांगों पर फैसला लेते हुए अगस्त 2027 के आखिरी सप्ताह तक छात्र संघ चुनाव कराने की बात कही है। विश्वविद्यालय ने छात्र संघ के संविधान को मंजूरी देने और लागू करने के लिए भी समयसीमा तय की है।
नई दिल्ली स्थित जामिया मिल्लिया इस्लामिया (JMI) में करीब दो दशक बाद छात्र संघ चुनाव कराने की तैयारी शुरू हो गई है। विश्वविद्यालय ने प्रदर्शनकारी छात्रों की मांगों पर निर्णय लेते हुए अगस्त 2027 के अंतिम सप्ताह तक चुनाव कराने की बात कही है। इस फैसले को छात्र राजनीति और विश्वविद्यालय में छात्र प्रतिनिधित्व की बहाली की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
विश्वविद्यालय की ओर से जारी आदेश के मुताबिक, जामिया छात्र संघ के संविधान को मंजूरी देने और उसे लागू करने की प्रक्रिया 15 मई 2027 तक पूरी की जाएगी। इसके बाद चुनाव शैक्षणिक सत्र शुरू होने के छह सप्ताह के भीतर कराए जाएंगे। विश्वविद्यालय ने चुनाव की समयसीमा निर्धारित करते हुए छात्र संघ की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने का संकेत दिया है।
आदेश में चुनाव प्रक्रिया में भाग लेने से संबंधित लंबित कारण बताओ नोटिस, अनुशासनात्मक कार्रवाई, निष्कासन, निलंबन और कैंपस प्रतिबंधों को वापस लेने की बात भी कही गई है। इससे प्रदर्शन कर रहे छात्रों को राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि, इन फैसलों के क्रियान्वयन से जुड़ी विस्तृत प्रक्रिया विश्वविद्यालय के निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ेगी।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने छात्रों से अपना प्रदर्शन और भूख हड़ताल तत्काल समाप्त करने की अपील की है। छात्र संघ चुनाव को लेकर विश्वविद्यालय के इस फैसले के बाद अब निर्धारित समयसीमा के भीतर संविधान को मंजूरी देने और चुनावी प्रक्रिया पूरी करने पर नजर रहेगी।