कानपुर के दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की हत्या के मामले में पुलिस ने बहू शालू समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. जांच में मोबाइल चैट और Google सर्च हिस्ट्री के जरिए कथित साजिश की कड़ियां जोड़ने का दावा किया जा रहा है.
Knews desk- कानपुर के कल्याणपुर थाना क्षेत्र में दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की हत्या का मामला लगातार गहराता जा रहा है. पुलिस की जांच में आरोपी बहू शालू मिनोचा की भूमिका को लेकर कई अहम बातें सामने आई हैं. पुलिस के मुताबिक, शालू के मोबाइल से मिली सर्च हिस्ट्री और चैट हत्या की कथित योजना की ओर इशारा करती हैं. हालांकि, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच अभी जारी है.
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना से पहले शालू ने Google पर ऐसी जानकारी तलाश की थी, जिससे किसी व्यक्ति की मौत हत्या के बजाय हार्ट अटैक या आत्महत्या जैसी लगे. पुलिस इस सर्च को मामले में महत्वपूर्ण सुराग मान रही है. अधिकारियों का कहना है कि मोबाइल में मिली चैट की भी जांच की जा रही है, ताकि कथित साजिश में शामिल लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सके.
जांच में यह आरोप भी सामने आया है कि शालू ने घर के पुराने नौकर को लाखों रुपये देने का प्रस्ताव रखा था. पुलिस के अनुसार, कथित तौर पर उसे विनीत की हत्या इस तरह करने के लिए कहा गया था कि किसी को शक न हो और मौत सामान्य लगे.
पुलिस का दावा है कि वारदात के दौरान आरोपी विशाल और उसके साथी का विनीत ने विरोध किया. इसके बाद दोनों ने उन पर हमला कर दिया, जिसमें कारोबारी की जान चली गई. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि घटना के पीछे किसकी क्या भूमिका थी.
खर्चों और CCTV कैमरों को लेकर था विवाद?
पुलिस की शुरुआती जांच में पारिवारिक विवाद को भी हत्या की संभावित वजह माना जा रहा है. अधिकारियों के मुताबिक, विनीत मिनोचा अपनी बहू शालू के खर्चों पर नजर रखते थे और कुछ खर्चों को लेकर आपत्ति जताते थे. उन्हें बहू की गतिविधियों पर संदेह होने लगा था, जिसके बाद उन्होंने अपने फ्लैट में कई CCTV कैमरे लगवा दिए थे.
पुलिस का मानना है कि खर्चों की निगरानी और CCTV कैमरों को लेकर शालू अपने ससुर से नाराज थी. इसी नाराजगी को कथित हत्या की साजिश से जोड़कर देखा जा रहा है.
पुलिस के अनुसार, घटना वाली रात विनीत का बेटा और बहू अपने घर में आयोजित पार्टी में मौजूद थे. दोनों के पार्टी में ड्रिंक और डांस करने की बात सामने आई है. देर रात करीब तीन बजे उनके घर लौटने के बाद कारोबारी की हत्या का पता चला.
24 घंटे में मिले अहम सुराग
कानपुर पुलिस के मुताबिक, हत्याकांड की जांच के शुरुआती 24 घंटों में ही कई महत्वपूर्ण सुराग मिल गए थे. पूछताछ के दौरान आरोपी विशाल की भूमिका सामने आई और पुलिस के अनुसार उसने शालू से जुड़ी जानकारी दी. इसके बाद शालू को भी गिरफ्तार कर लिया गया.
अब पुलिस मोबाइल चैट, Google सर्च हिस्ट्री और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के जरिए केस को मजबूत करने में जुटी है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इन सबूतों को आगे अदालत में पेश किया जाएगा. वहीं, शालू के वकील शिवाकांत दीक्षित पुलिस की जांच पर सवाल उठा चुके हैं. मामले में आगे की जांच जारी है.