KNEWS DESK- नेपाल में आई भीषण आपदा के बीच गाजियाबाद जिला प्रशासन ने जिले के नागरिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया है। प्रशासन ने नेपाल में फंसे गाजियाबाद के नागरिकों और उनके परिजनों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं। अगर किसी परिवार का सदस्य नेपाल में फंसा है या उससे संपर्क नहीं हो पा रहा है, तो परिजन इन नंबरों पर जानकारी देकर प्रशासन से मदद ले सकते हैं।
जिला प्रशासन की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, नेपाल में आपदा के कारण प्रभावित हुए गाजियाबाद के नागरिकों की जानकारी जुटाने और उन्हें जल्द से जल्द सहायता उपलब्ध कराने के लिए कंट्रोल रूम को सक्रिय किया गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि उनका कोई रिश्तेदार या परिवार का सदस्य नेपाल में फंसा हुआ है और उससे संपर्क स्थापित नहीं हो पा रहा है, तो बिना देरी किए हेल्पलाइन नंबरों पर सूचना दें।
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अंजनी कुमार सिंह ने बताया कि नेपाल में फंसे गाजियाबाद के नागरिकों की जानकारी एकत्र करने के उद्देश्य से हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। इन नंबरों के माध्यम से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर प्रभावित नागरिकों तक आवश्यक सहायता पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
प्रशासन ने नागरिकों की सुविधा के लिए टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1077 जारी किया है। इसके अलावा लोग 0120-2989032 और 0120-2989034 पर भी संपर्क कर सकते हैं। वहीं, मोबाइल नंबर 9971465532 पर भी नेपाल में फंसे नागरिकों से संबंधित जानकारी दी जा सकती है।
प्रशासन के मुताबिक, हेल्पलाइन पर प्राप्त होने वाली प्रत्येक महत्वपूर्ण सूचना को तत्काल उच्च अधिकारियों और संबंधित राहत एवं बचाव टीमों के साथ साझा किया जाएगा। इसके जरिए नेपाल में फंसे या आपदा से प्रभावित गाजियाबाद के नागरिकों की स्थिति का पता लगाने और जरूरत के अनुसार मदद पहुंचाने की कोशिश की जाएगी।
जिला प्रशासन ने प्रभावित परिवारों से अपील की है कि वे घबराने के बजाय धैर्य बनाए रखें और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल प्रशासन से संपर्क करें। परिजनों से यह भी कहा गया है कि नेपाल में मौजूद अपने परिवार के सदस्यों से संपर्क स्थापित होने पर उनकी स्थिति की जानकारी प्रशासन के साथ साझा करें, ताकि राहत और सहायता की प्रक्रिया को बेहतर तरीके से आगे बढ़ाया जा सके।
नेपाल में आपदा के बाद कई इलाकों में राहत और बचाव अभियान चलाया जा रहा है। ऐसे में गाजियाबाद प्रशासन की ओर से कंट्रोल रूम और हेल्पलाइन की व्यवस्था किए जाने से उन परिवारों को मदद मिलने की उम्मीद है, जिनके अपने नेपाल में फंसे हुए हैं या जिनसे फिलहाल संपर्क नहीं हो पा रहा है।