Dark Chocolate Benefits: डार्क चॉकलेट खाने से शरीर को मिल सकते हैं ये फायदे, खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान

KNEWS DESK- चॉकलेट का नाम सुनते ही अक्सर लोगों के मन में मीठे और अनहेल्दी फूड का ख्याल आता है। लेकिन ज्यादा कोको वाली डार्क चॉकलेट को सीमित मात्रा में खाने पर कुछ स्वास्थ्य लाभ मिल सकते हैं। इसमें कई मिनरल्स और एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं।

चॉकलेट बच्चों से लेकर बड़ों तक कई लोगों की पसंदीदा होती है। हालांकि, हर चॉकलेट का पोषण एक जैसा नहीं होता है। मिल्क और व्हाइट चॉकलेट की तुलना में ज्यादा कोको वाली डार्क चॉकलेट में आयरन, मैग्नीशियम, कॉपर, मैंगनीज और फाइबर जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसके अलावा कोको में फ्लेवोनॉइड्स जैसे एंटीऑक्सीडेंट भी मौजूद होते हैं। हालांकि, डार्क चॉकलेट में कैलोरी और फैट भी काफी हो सकते हैं। इसलिए इसे हेल्दी समझकर जरूरत से ज्यादा खाना सही नहीं है। सही डार्क चॉकलेट का चुनाव और इसकी मात्रा पर ध्यान देना जरूरी है।

एंटीऑक्सीडेंट से होती है भरपूर

डार्क चॉकलेट में मौजूद कोको फ्लेवोनॉइड्स जैसे एंटीऑक्सीडेंट का स्रोत है। एंटीऑक्सीडेंट शरीर में ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से निपटने में भूमिका निभाते हैं। यही वजह है कि ज्यादा कोको वाली डार्क चॉकलेट को दूसरी कई मीठी चॉकलेट की तुलना में बेहतर विकल्प माना जाता है।

दिल की सेहत के लिए हो सकती है फायदेमंद

डार्क चॉकलेट में मौजूद फ्लेवोनॉइड्स को दिल की सेहत से भी जोड़कर देखा जाता है। कुछ अध्ययनों में कोको फ्लेवोनॉल्स को बेहतर ब्लड फ्लो और रक्त वाहिकाओं के सामान्य कामकाज से जोड़ा गया है। हालांकि, डार्क चॉकलेट को दिल की बीमारी का इलाज नहीं माना जाना चाहिए और इसका सेवन संतुलित डाइट के हिस्से के रूप में ही करना चाहिए।

शरीर को मिलते हैं जरूरी मिनरल्स

डार्क चॉकलेट आयरन, मैग्नीशियम और कॉपर जैसे कई मिनरल्स प्रदान कर सकती है। आयरन शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने के लिए जरूरी होता है, जबकि मैग्नीशियम मांसपेशियों और नर्व फंक्शन सहित शरीर की कई प्रक्रियाओं में भूमिका निभाता है। इसमें मौजूद कॉपर भी शरीर के सामान्य कामकाज के लिए जरूरी पोषक तत्व है।

पाचन के लिए भी मिल सकता है फायदा

डार्क चॉकलेट में कुछ मात्रा में डाइटरी फाइबर भी पाया जाता है। फाइबर पाचन तंत्र के सामान्य कामकाज में मदद करता है। हालांकि, केवल फाइबर की जरूरत पूरी करने के लिए डार्क चॉकलेट पर निर्भर नहीं रहना चाहिए। फल, सब्जियां और साबुत अनाज इसके बेहतर स्रोत हैं।

डार्क चॉकलेट खरीदते समय क्या देखें?

बाजार से डार्क चॉकलेट खरीदते समय पैकेट पर दिए गए न्यूट्रिशन लेबल और सामग्री की सूची जरूर देखें। आमतौर पर ज्यादा कोको प्रतिशत वाली चॉकलेट में कोको की मात्रा अधिक होती है। आप 70 प्रतिशत या उससे ज्यादा कोको वाली चॉकलेट चुन सकते हैं। साथ ही एडेड शुगर की मात्रा पर भी ध्यान दें। सिर्फ पैकेट पर ‘डार्क चॉकलेट’ लिखा देखकर उसे हेल्दी मान लेना सही नहीं है।

कितनी डार्क चॉकलेट खाना बेहतर?

डार्क चॉकलेट के संभावित फायदे होने के बावजूद इसमें कैलोरी, फैट और कुछ मात्रा में चीनी हो सकती है। इसलिए इसका सेवन सीमित मात्रा में करना बेहतर है। डायबिटीज वाले लोगों को कार्बोहाइड्रेट और शुगर की मात्रा पर खास ध्यान देना चाहिए। वहीं कैफीन के प्रति संवेदनशील लोगों या कुछ प्रकार के माइग्रेन में चॉकलेट ट्रिगर महसूस करने वालों को सावधानी रखनी चाहिए।

किसी बीमारी, एलर्जी या विशेष डाइट की स्थिति में डार्क चॉकलेट को नियमित आहार में शामिल करने से पहले डॉक्टर या डाइटीशियन की सलाह लेना बेहतर हो सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *