Knews Desk- तमिलनाडु में डीएमके नेता उदयनिधि स्टालिन की गिरफ्तारी से पहले उनके आवास पर काफी देर तक गहमागहमी देखने को मिली। पुलिस जब उन्हें हिरासत में लेने पहुंची तो उनकी पत्नी किरुथिगा और अधिकारियों के बीच समय देने को लेकर तीखी बहस हो गई। इस घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया है।
वीडियो में पुलिस अधिकारी उदयनिधि स्टालिन के घर के अंदर उनका इंतजार करते नजर आ रहे हैं। इसी दौरान उनकी पत्नी किरुथिगा अधिकारियों से कुछ और समय देने का अनुरोध करती हैं। वह कहती हैं कि उदयनिधि टॉयलेट में हैं और तैयार हो रहे हैं, इसलिए उन्हें थोड़ा वक्त दिया जाए। इस पर एक पुलिस अधिकारी जवाब देता है कि लगातार 10 मिनट का समय मांगा जा रहा है और पुलिस को अपनी कार्रवाई करने दी जाए।
यह विवाद तंजावुर में कावेरी जल विवाद को लेकर आयोजित एक रैली से जुड़ा है। रैली के दौरान भीड़ में मौजूद कुछ लोगों ने अभिनेत्री तृषा का नाम लेकर नारे लगाए। आरोप है कि इसी दौरान उदयनिधि स्टालिन ने एक ऐसा बयान दिया, जिसे लेकर विवाद खड़ा हो गया और उसे डबल मीनिंग टिप्पणी बताया गया।
विवाद बढ़ने के बाद उदयनिधि ने अपनी टिप्पणी पर सफाई भी दी। उन्होंने कहा कि उनके बयान का संदर्भ अभिनेत्री तृषा से नहीं, बल्कि कावेरी नदी के पानी से था। हालांकि, मामले में उनके खिलाफ छह धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई।
उदयनिधि के बयान पर क्यों मचा बवाल?
रैली में जब भीड़ की ओर से ‘तृषा-तृषा’ के नारे लगाए गए, तब उदयनिधि ने कथित तौर पर कहा कि पानी कहीं और पहुंचे या न पहुंचे, वहां जरूर पहुंचना चाहिए। इसी टिप्पणी को लेकर राजनीतिक विवाद शुरू हो गया। बाद में उन्होंने स्पष्ट किया कि वह कावेरी के पानी की बात कर रहे थे और उनकी टिप्पणी का कोई दूसरा अर्थ नहीं था।
गिरफ्तारी से बचने के लिए उदयनिधि स्टालिन ने मद्रास हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत की याचिका दाखिल की थी। हालांकि, अदालत में मामले की सुनवाई होने से पहले ही पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया।
बाद में मद्रास हाईकोर्ट से उन्हें राहत मिली। अदालत ने पूछताछ के बाद उसी दिन रिहा करने का निर्देश दिया। इसके बाद हिरासत में लिए जाने के करीब चार घंटे बाद उदयनिधि स्टालिन को रिहा कर दिया गया।