डिजिटल डेस्क- हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (BSEH) ने वीरवार को कक्षा 10वीं का वार्षिक परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया है। इस वर्ष की परीक्षा में कुल 89.6 प्रतिशत विद्यार्थी सफल रहे हैं। हालांकि बोर्ड के लिए यह आंकड़े संतोषजनक हो सकते हैं, लेकिन पिछले तीन सालों के रिकॉर्ड पर नजर डालें तो यह 10वीं कक्षा का अब तक का सबसे कमजोर प्रदर्शन माना जा रहा है। पिछले वर्ष बोर्ड का परिणाम 92.49 प्रतिशत रहा था, जिसकी तुलना में इस बार करीब 3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। इस वर्ष की मुख्य परीक्षा में कुल 2,78,334 परीक्षार्थी शामिल हुए थे, जिनमें से एक बड़ी संख्या ने सफलता प्राप्त की है, लेकिन औसत परिणाम में आई कमी ने शिक्षा जगत में चर्चा छेड़ दी है।
वेबसाइट क्रैश होने से परीक्षार्थियों का बढ़ा इंतजार
जैसे ही बोर्ड मुख्यालय से परिणाम लाइव करने का बटन दबाया गया, वैसे ही लाखों छात्रों और उनके अभिभावकों ने एक साथ बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट www.bseh.org.in पर लॉग-इन करने की कोशिश की। भारी ट्रैफिक और सर्वर पर अत्यधिक दबाव के कारण बोर्ड की वेबसाइट अचानक क्रैश (ठप्प) हो गई। इसके चलते परीक्षार्थियों को अपने अंक देखने के लिए घंटों तक परेशान होना पड़ा। गौर करने वाली बात यह है कि बुधवार को बोर्ड अधिकारियों ने परिणाम जारी करने की व्यवस्थाओं की समीक्षा की थी और 12वीं के परिणाम के दौरान भी वेबसाइट दो बार क्रैश हुई थी। इसके बावजूद तकनीकी खामियों को पूरी तरह दुरुस्त नहीं किया जा सका, जिससे छात्रों को डिजिटल असुविधा का सामना करना पड़ा।
हरियाणा मुक्त विद्यालय के नतीजों में छात्राओं ने मारी बाजी
हरियाणा मुक्त विद्यालय की सैकेंडरी (फ्रेश और रि-अपीयर) परीक्षा का परिणाम भी घोषित कर दिया गया है। सैकेंडरी फ्रेश परीक्षा का कुल परिणाम महज 11.17 प्रतिशत रहा, जिसमें 5,772 परीक्षार्थियों में से केवल 645 छात्र ही उत्तीर्ण हो पाए। इस परीक्षा में भी छात्राओं ने अपनी शैक्षणिक श्रेष्ठता साबित की है। फ्रेश छात्राओं का पास प्रतिशत 11.36 रहा, जबकि छात्रों का प्रतिशत 11.05 दर्ज किया गया। छात्राओं ने छात्रों की तुलना में 0.31 प्रतिशत बेहतर प्रदर्शन किया है। वहीं, ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच भी अंतर देखने को मिला, जहाँ ग्रामीण क्षेत्रों की पास प्रतिशतता 12.01 रही, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह आंकड़ा केवल 10.00 प्रतिशत पर ही सिमट गया।
डीएलएड रि-अपीयर परीक्षाओं का रिपोर्ट कार्ड
10वीं के साथ-साथ बोर्ड ने डीएलएड (D.El.Ed) फरवरी/मार्च-2026 की रि-अपीयर और मर्सी चांस परीक्षाओं के परिणाम भी सार्वजनिक कर दिए हैं। इस परीक्षा में कुल 5,315 छात्र-अध्यापक शामिल हुए थे। आंकड़ों के अनुसार, प्रवेश वर्ष 2023-25 के प्रथम वर्ष का परिणाम 62.50 प्रतिशत और द्वितीय वर्ष का 81.76 प्रतिशत रहा। वहीं, प्रवेश वर्ष 2024-26 के प्रथम वर्ष का परिणाम 65.13 प्रतिशत दर्ज किया गया है। बोर्ड ने सूचित किया है कि सभी छात्र-अध्यापकों के प्रदर्शन पत्रक संबंधित शिक्षण संस्थानों की आधिकारिक लॉगिन आईडी पर भेज दिए गए हैं, जहाँ से वे अपनी विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।