Flydubai Flight: हवा में पायलट और को-पायलट में हुई मारपीट, इमरजेंसी लैंडिंग के बाद सामने आई पूरी कहानी

Knews Desk- सऊदी अरब के गृह मंत्रालय ने इस घटना की शुरुआती जांच की जानकारी दी है। मंत्रालय के मुताबिक, जांच में सामने आया कि को-पायलट ने कैप्टन सुमित मछार पर हमला किया था। इस जांच में सऊदी अधिकारियों के साथ UAE की सुरक्षा टीम भी शामिल थी। यह घटना को लेकर सऊदी सरकार की ओर से सामने आया पहला आधिकारिक बयान है।फ्लाईदुबई ने घटना के दिन बताया था कि विमान के कॉकपिट में विवाद हुआ था। इसके बाद क्रू मेंबर्स ने विमान को संभाला और उसे सुरक्षित तरीके से तबूक की ओर मोड़ दिया। सऊदी गृह मंत्रालय के मुताबिक, इमरजेंसी लैंडिंग की अनुमति मिलने के बाद विमान सुबह 9:45 बजे स्थानीय समय पर सुरक्षित उतर गया।

फ्लाइट में 174 यात्री और 8 क्रू मेंबर्स सवार थे। विमान के सुरक्षित उतरने के बाद सभी यात्रियों को जरूरी मेडिकल मदद दी गई। शाम करीब 5:40 बजे सभी यात्रियों को फ्लाईदुबई के दूसरे विमान से आगे की यात्रा के लिए रवाना किया गया। बाकी क्रू मेंबर्स भी दूसरे विमान से दुबई लौट गए।वहीं कैप्टन और को-पायलट को उनकी हालत के आधार पर इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। दोनों की हालत में सुधार होने के बाद डॉक्टरों ने उन्हें आगे की यात्रा की अनुमति दी। गुरुवार सुबह दोनों UAE की सुरक्षा टीम के साथ अबू धाबी चले गए।

इस घटना को लेकर UAE में भी जांच शुरू कराई गई है। UAE के अटॉर्नी जनरल हमद सैफ अल शम्सी ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि दोनों के बीच विवाद की वजह क्या थी और क्या इसमें किसी आतंकी गतिविधि, आतंकी इरादे या पहले से बनाई गई योजना का कोई संबंध था।UAE की जांच टीम में सरकारी एक्सपर्ट शामिल हैं। टीम ने UAE के जनरल सिविल एविएशन अथॉरिटी और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर काम शुरू कर दिया है। जांच अधिकारियों को घटना से जुड़े सबूत और जानकारी जुटाकर पूरे मामले की सच्चाई सामने लाने के निर्देश दिए गए हैं।

UAE के अटॉर्नी जनरल ने लोगों से अपील की है कि जांच पूरी होने से पहले मामले को लेकर अटकलें न लगाएं और बिना पुष्टि वाली जानकारी न फैलाएं। UAE ने यह भी स्पष्ट किया है कि विमान UAE में रजिस्टर्ड है और UAE का झंडा लेकर उड़ता है, इसलिए विमान में देश के बाहर होने वाली किसी घटना पर भी UAE का कानून लागू होता है।इस घटना के बाद भारतीय कैप्टन सुमित मछार की भूमिका की भी चर्चा हुई। भारतीय दूतावास के मुताबिक, बुधवार को तबूक के अस्पताल में उनकी हालत स्थिर थी। गुरुवार को उन्हें आगे के इलाज के लिए अबू धाबी ले जाया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुमित मछार को हीरो बताया और कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद उन्होंने हिम्मत दिखाई और यात्रियों की जान बचाकर बड़ी घटना को टालने में मदद की।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *