मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लोकसेवक जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने के सबसे महत्वपूर्ण संवाहक हैं। मिशन कर्मयोगी के तहत आयोजित दो दिवसीय क्षेत्रीय साधना शृंखला-2026 में 8 राज्यों और 4 केंद्र शासित प्रदेशों की भागीदारी हो रही है।
Knews Desk – मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साधना शृंखला-2026 के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि जब प्रशासनिक तंत्र दक्ष, संवेदनशील और जवाबदेह होता है, तभी सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचता है और सुशासन का संकल्प जनकल्याण में बदलता है।
2017 से पहले की व्यवस्था पर सीएम योगी ने उठाए सवाल
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की प्रशासनिक व्यवस्था की आलोचना की। उन्होंने कहा कि परिवारवाद, तुष्टीकरण और भ्रष्टाचार को प्राथमिकता देने से प्रदेश की प्रशासनिक दक्षता, कार्यकुशलता और कार्यसंस्कृति प्रभावित हुई थी। उनके मुताबिक, अपराध, माफियाराज और नीतिगत उदासीनता ने प्रदेश की संभावनाओं को सीमित किया।
लखनऊ में 8 राज्यों और 4 केंद्र शासित प्रदेशों की भागीदारी
साधना शृंखला-2026 की क्षेत्रीय कार्यशाला 23 और 24 अक्टूबर को लखनऊ में आयोजित की जा रही है। इसमें उत्तर प्रदेश के साथ बिहार, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, झारखंड, पंजाब, राजस्थान और उत्तराखंड के प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं। इसके अलावा चंडीगढ़, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख की भागीदारी भी है।
कार्यशाला का उद्देश्य मिशन कर्मयोगी के तहत सरकारी प्रशिक्षण संस्थानों को अधिक प्रभावी बनाना और लोकसेवकों की क्षमता, दक्षता तथा कार्यशैली में सुधार को आगे बढ़ाना है।
‘मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस’ पर जोर
सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में मिशन कर्मयोगी जैसी पहल प्रशासनिक कार्यसंस्कृति को नई दिशा दे रही है। उनके अनुसार, उत्तर प्रदेश अपनी प्रशासनिक, आर्थिक और संस्थागत व्यवस्था को मजबूत करते हुए विकास के नए लक्ष्य हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस’ की भावना के अनुरूप कर्मयोगी उत्तर प्रदेश अंत्योदय के संकल्प को साकार करने और विकसित भारत के निर्माण में अग्रणी भूमिका निभाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने साधना शृंखला-2026 की सफलता के लिए सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं।