डिजिटल डेस्क- उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात जिले से एक बेहद शर्मनाक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ के देवराहट थाना क्षेत्र स्थित ‘हरिधाम चैन का पुरवा’ आश्रम के एक कथित बाबा और उसके साथियों पर एक महिला ने छेड़छाड़, दुष्कर्म के प्रयास, मारपीट और कथित तौर पर बेचने (बिक्री किए जाने) की कोशिश का बेहद गंभीर आरोप लगाया है। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर कथित बाबा सहित 5 नामजद और 5 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
ससुर के कहने पर पूजा में शामिल होने आई थी महिला
मूल रूप से औरैया जिले के फफूंद थाना क्षेत्र की रहने वाली पीड़िता ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि उसके पति राजस्थान के कोटा में बिल्डिंग निर्माण का काम करते हैं। वह अपने मासूम बेटे के साथ कस्बे में किराए के मकान में रहती है। बीती 5 जून को महिला के ससुर ने उसे फोन कर बताया कि घर पर ‘महाराज’ आ रहे हैं और एक विशेष पूजा का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें उसे शामिल होना है। इसके अगले दिन यानी 6 जून को कथित महाराज हरिओम यादव अपने साथी कुंदन और दीपक सहित पांच लोगों के साथ आए और पूजा-पाठ संपन्न किया। जाते-जाते उन्होंने महिला से आश्रम आकर प्रसाद चढ़ाने की बात कही थी।
आश्रम के बंद कमरे में हुआ खौफनाक वाकया
कथित बाबा की बात मानकर पीड़िता 15 जून को अपने दो देवरों के साथ कानपुर देहात के ‘हरिधाम चैन का पुरवा’ आश्रम पहुंची। आरोप है कि वहाँ कथित बाबा हरिओम यादव उसे पूजा और प्रसाद के बहाने एक अलग कमरे में ले गया। कमरे के अंदर बाबा ने महिला के साथ अश्लील हरकतें (छेड़छाड़) शुरू कर दी और दुष्कर्म करने का प्रयास किया। जब महिला ने खुद को बचाने के लिए शोर मचाया और विरोध किया, तो वहाँ हरिओम के साथ कुंदन, दीपक, रामवीर, सुखवीर और 5 अन्य अज्ञात लोग आ गए। इन सभी ने मिलकर महिला के साथ मारपीट की और उसका गला दबाकर जान से मारने की कोशिश भी की। पीड़िता ने किसी तरह अपनी जान बचाई और पुलिस तक पहुंची। देवराहट थानाध्यक्ष सौरभ राणा ने बताया कि महिला की गंभीर शिकायत के आधार पर 5 नामजद (हरिओम, कुंदन, दीपक, रामवीर, सुखवीर) और 5 अज्ञात समेत कुल 10 लोगों के खिलाफ आईपीसी/बीएनएस की संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की टीमें कथित बाबा और उसके सहयोगियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दे रही हैं।