KNEWS DESK– सुप्रीम कोर्ट परिसर में कवरेज के दौरान गर्भवती महिला पत्रकार ऋचा पाराशर ने राहुल गांधी और उनके सुरक्षाकर्मियों पर धक्का-मुक्की करने का आरोप लगाया है। पत्रकार का दावा है कि सवाल पूछने के लिए माइक आगे बढ़ाने पर राहुल गांधी ने गुस्से में उनका हाथ पकड़कर खींच लिया, जबकि उनके सुरक्षाकर्मियों ने धक्का दिया। इस घटना में उनके सीढ़ियों से नीचे गिरने और चेहरे पर चोट लगने का आरोप है। हालांकि, कांग्रेस ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे भाजपा का दुष्प्रचार बताया है।
कांग्रेस नेता अलका लांबा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर आरोपों पर सवाल उठाए। उन्होंने प्रदर्शन के दौरान गर्भावस्था में जोखिम, कथित घटना के समय और पत्रकार के रात 8:30 बजे अस्पताल पहुंचने का जिक्र किया। उन्होंने यह भी सवाल किया कि गर्भवती होने की बात कहने के बावजूद पत्रकार का एक्स-रे क्यों कराया गया। अलका लांबा ने आरोप लगाया कि भाजपा इस मामले को राजनीतिक रंग दे रही है।
वहीं, पत्रकार ऋचा पाराशर ने कहा कि उनके साथ हुई घटना को कमतर दिखाने और उन्हें बदनाम करने की कोशिशों से वह परेशान हैं। उन्होंने कहा, “यह कांग्रेस या भाजपा के बारे में नहीं है। मैं सिर्फ एक आम नागरिक हूं, जो अपना काम कर रही हूं। लोग जो बातें कह रहे हैं, वे बहुत दुर्भाग्यपूर्ण हैं।”
ऋचा पाराशर ने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने उनके कैमरामैन को धक्का दिया, जिसके बाद वह उनके ऊपर गिर गया और फिर चार-पांच अन्य लोग भी गिर पड़े। फिलहाल, इस मामले में दोनों पक्षों के दावों को लेकर विवाद बना हुआ है।