स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय पमोर्लिन के जेवर एयरपोर्ट दौरे को देखते हुए नोएडा और ग्रेटर नोएडा में ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया गया है। सुबह 7 बजे से रात 10 बजे तक नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे और यमुना एक्सप्रेसवे पर मालवाहक वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी।
Knews Desk- स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय पमोर्लिन के मंगलवार को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, जेवर के दौरे को देखते हुए नोएडा और ग्रेटर नोएडा में यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। यातायात पुलिस ने सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए सुबह 7 बजे से रात 10 बजे तक नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे और यमुना एक्सप्रेसवे पर भारी, मध्यम और हल्के मालवाहक वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई है।
प्रतिबंध के दौरान नोएडा और ग्रेटर नोएडा की ओर आने-जाने वाले मालवाहक वाहनों को निर्धारित वैकल्पिक मार्गों से भेजा जाएगा। जरूरत पड़ने पर कुछ वाहनों को एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड से भी निकाला जा सकता है। हालांकि, एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसे आपातकालीन वाहनों को इस प्रतिबंध से बाहर रखा गया है।
ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे एक्सप्रेसवे पर निकलने से पहले अपने वैकल्पिक रूट की जानकारी कर लें। यातायात संबंधी परेशानी होने पर नोएडा ट्रैफिक पुलिस की हेल्पलाइन 9971009001 पर संपर्क किया जा सकता है। यमुना एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाले मालवाहक वाहनों को जरूरत के अनुसार अलग-अलग मार्गों पर डायवर्ट किया जाएगा। जेवर-टप्पल की तरफ से आने वाले वाहनों को टप्पल की ओर वापस भेजकर आगे गंतव्य तक जाने की व्यवस्था की गई है। वहीं, खुर्जा की तरफ से जेवर आने वाले व्यावसायिक वाहनों को खुर्जा से ही डायवर्ट किया जाएगा।
सिकंदराबाद और ककोड़ की ओर से जेवर आने वाले मालवाहक वाहनों को चचूला नहर से खेरली नहर की ओर भेजा जाएगा। आगरा की ओर जाने वाले वाहनों के लिए भी वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए गए हैं, ताकि एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक का दबाव कम रखा जा सके। स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति जेवर एयरपोर्ट के आधुनिक टर्मिनल, कार्गो सुविधाओं और बिजनेस सुविधाओं का निरीक्षण करेंगे। उनके साथ वरिष्ठ अधिकारियों और कारोबारी प्रतिनिधियों का दल भी रहेगा।
जेवर एयरपोर्ट से घरेलू उड़ानें जून 2026 में शुरू हो चुकी हैं, जबकि अंतरराष्ट्रीय उड़ान सेवाएं दिसंबर से शुरू करने की तैयारी है। ऐसे में स्विस राष्ट्रपति का यह दौरा एयरपोर्ट के साथ-साथ भारत और स्विट्जरलैंड के आर्थिक एवं कारोबारी संबंधों के लिहाज से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।