Knews Desk: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महिलाओं और बेटियों को लेकर सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए बड़ा ऐलान किया है। सीएम योगी ने कहा कि प्रदेश में स्नातक की पढ़ाई कर रही 50 हजार छात्राओं को स्कूटी उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि यह योजना अक्टूबर या नवंबर में लागू की जा सकती है। एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार बेटी के जन्म से लेकर उसकी पढ़ाई और आगे के जीवन तक उसके साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन देने के लिए सरकार लगातार काम कर रही है।ॉ
सीएम योगी ने कहा कि पहले उत्तर प्रदेश में बेटियों और आधी आबादी के सामने सुरक्षा और सम्मान का संकट था। उन्होंने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि उस दौर में प्रदेश में दंगे, कर्फ्यू, असुरक्षा और भ्रष्टाचार जैसी समस्याएं थीं। उनके मुताबिक, डबल इंजन की सरकार आने के बाद प्रदेश में हालात बदले हैं और अब सरकार की योजनाओं के केंद्र में बेटियां और महिलाएं हैं।
बेटियों की सुरक्षा पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का पहला संकल्प उत्तर प्रदेश की बेटियों को भयमुक्त वातावरण देना था। उन्होंने कहा कि बेटियों को अपनी क्षमता और विश्वास के साथ आगे बढ़ने का अवसर मिलना चाहिए। सरकार ने केवल शारीरिक सुरक्षा ही नहीं, बल्कि मानसिक और स्वास्थ्य सुरक्षा को भी प्राथमिकता दी है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए शिक्षा और अन्य सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसी क्रम में स्नातक की पढ़ाई कर रही 50 हजार छात्राओं को स्कूटी देने की योजना भी सामने रखी गई है।
60 साल से अधिक उम्र की महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा
इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना की शुरुआत की। इसके तहत उत्तर प्रदेश में 60 वर्ष और उससे अधिक उम्र की महिलाओं को सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलेगी। लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विशेष बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि जिन महिलाओं ने जीवनभर परिवार और समाज को आगे बढ़ाने में योगदान दिया, उनकी यात्रा को आसान और सम्मानजनक बनाना सरकार की जिम्मेदारी है।
सीएम योगी ने कहा कि महिला सशक्तिकरण के लिए सरकार की योजनाओं का उद्देश्य उन्हें सुरक्षा देने के साथ-साथ आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन का अवसर उपलब्ध कराना है।