Independence Day Delhi Weather: स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले में होने वाले मुख्य समारोह के दौरान दिल्ली का मौसम करवट ले सकता है। सुबह के समय आसमान में बादल छाए रहने के साथ हल्की बारिश या बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है।
Knews Desk- भारत 15 अगस्त 2026 को अपना 80वां स्वतंत्रता दिवस मनाएगा। राजधानी दिल्ली के लाल किले पर आयोजित होने वाले मुख्य समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तिरंगा फहराएंगे और देश को संबोधित करेंगे। मानसून के मौसम में पड़ रहे स्वतंत्रता दिवस के चलते इस बार समारोह के दौरान मौसम पर भी खास नजर रहेगी।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 15 अगस्त की सुबह दिल्ली में आसमान में बादल छाए रह सकते हैं। इस दौरान कुछ इलाकों में हल्की बारिश या रुक-रुककर बौछारें पड़ने की संभावना है।
स्वतंत्रता दिवस का मुख्य कार्यक्रम सुबह करीब 7 बजे से 9 बजे के बीच आयोजित किया जाएगा। इस दौरान दिल्ली में बादल छाए रहने की संभावना है और बीच-बीच में हल्की बारिश भी हो सकती है। कुछ स्थानों पर बारिश के पैच देखने को मिल सकते हैं।
हालांकि, अभी ऐसी संभावना कम है कि तेज बारिश स्वतंत्रता दिवस समारोह को बड़े स्तर पर प्रभावित करे। इसके बावजूद समारोह में पहुंचने वाले लोगों को मौसम को ध्यान में रखते हुए घर से निकलने की सलाह दी गई है।
सुबह से दोपहर तक बढ़ सकती है बारिश
15 अगस्त को बारिश की गतिविधियां केवल सुबह तक सीमित रहने की संभावना नहीं है। सुबह से दोपहर के बीच दिल्ली-NCR के अलग-अलग हिस्सों में बारिश बढ़ सकती है। वहीं, शाम और रात के समय बारिश की तीव्रता में कुछ कमी आने का अनुमान है।
बारिश की वजह से तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है, जिससे मौसम अपेक्षाकृत सुहावना रहेगा। हालांकि, बारिश के बाद बढ़ने वाली नमी के कारण उमस लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।
वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने का भी खास मौका
इस साल स्वतंत्रता दिवस समारोह का महत्व इसलिए भी बढ़ गया है क्योंकि राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूरे हो रहे हैं। समारोह में इसे विशेष महत्व दिया जाएगा। इसके अलावा आयोजन में विकसित भारत और स्वदेशी तकनीक से जुड़ी उपलब्धियों को भी प्रमुखता दी जा रही है।
ऐसे में मानसून के बीच होने वाले इस राष्ट्रीय समारोह के लिए मौसम की स्थिति काफी अहम रहने वाली है।
मानसून ट्रफ से बदल रहा दिल्ली का मौसम
दिल्ली-NCR में बारिश के पीछे सक्रिय मानसून ट्रफ को प्रमुख वजह माना जा रहा है। फिलहाल यह मौसमी प्रणाली दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों को प्रभावित कर रही है। मानसून ट्रफ की स्थिति में होने वाला बदलाव राजधानी में बारिश की गतिविधियों को बढ़ा या घटा सकता है।
इसके अलावा पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश के तटीय इलाकों के ऊपर बना निम्न दबाव क्षेत्र भी मौसम को प्रभावित कर रहा है। इसके उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने की संभावना है, जिसके चलते ओडिशा, झारखंड और उत्तर छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
दिल्ली में क्यों बन रहे हैं बारिश के आसार?
निम्न दबाव क्षेत्र के आगे बढ़ने से गंगा के मैदानी इलाकों में हवाओं के पैटर्न में बदलाव हो सकता है। इसका असर मानसून ट्रफ की स्थिति पर भी पड़ सकता है। इसी वजह से 15 अगस्त की सुबह दिल्ली, खासकर लाल किले के आसपास, हल्की बारिश या बौछारों की संभावना बनी हुई है।
कुल मिलाकर, स्वतंत्रता दिवस पर दिल्ली में मौसम सुहावना रहने के साथ बारिश की हल्की बाधा देखने को मिल सकती है। समारोह में जाने वाले लोगों के लिए छाता और बारिश से बचाव का इंतजाम साथ रखना उपयोगी रहेगा।