knews Desk- कानपुर के व्यस्त काकदेव इलाके में शुक्रवार को उस समय बड़ा हादसा हो गया जब हरमोनी विला अपार्टमेंट का एक हिस्सा अचानक जमीन में धंस गया। इस अप्रत्याशित घटना ने पूरे इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया। देखते ही देखते अपार्टमेंट परिसर की जमीन नीचे धंसने लगी और वहां मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, यह घटना अचानक हुई जिससे किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला और लोग सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया अचानक तेज आवाज के साथ धंसी जमीन
मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, सुबह के समय अचानक एक तेज आवाज सुनाई दी और उसके बाद अपार्टमेंट परिसर की जमीन तेजी से नीचे धंसने लगी। कुछ ही पलों में जमीन में गहरी दरारें पड़ गईं और पार्किंग एरिया में खड़ी गाड़ियां एक के बाद एक गड्ढे में समाने लगीं। इस भयावह दृश्य को देखकर वहां रहने वाले लोगों में दहशत फैल गई। लोग अपने घरों से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे और पूरे परिसर में चीख-पुकार का माहौल बन गया।
प्रशासन और राहत टीमों ने संभाला मोर्चा, रेस्क्यू जारी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, जिला प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पूरी सोसायटी को एहतियातन खाली करा लिया गया है। अब तक 50 से अधिक लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। प्रशासन ने मौके पर एंबुलेंस भी तैनात कर दी है ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। राहत दल लगातार यह सुनिश्चित करने में जुटे हैं कि मलबे के नीचे कोई व्यक्ति फंसा न हो।
पार्किंग एरिया में गिरीं कई गाड़ियां, भारी नुकसान की आशंका
जमीन धंसने की इस घटना में अपार्टमेंट के पार्किंग क्षेत्र में खड़ी कई कारें और दोपहिया वाहन गहरे गड्ढे में गिर गए। कुछ वाहन पूरी तरह मलबे में दब गए हैं, जिन्हें निकालने के लिए क्रेन और अन्य भारी मशीनों की मदद ली जा रही है। मौके पर नगर निगम और केडीए के अधिकारी भी पहुंच गए हैं और स्थिति का जायजा ले रहे हैं। प्रारंभिक तौर पर अनुमान लगाया जा रहा है कि इस घटना में संपत्ति का भारी नुकसान हुआ है, हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
प्रशासन ने दिए जांच के आदेश, कारणों की हो रही पड़ताल
प्रशासन ने इस गंभीर घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं। शुरुआती आशंका जताई जा रही है कि बेसमेंट की खुदाई या आसपास चल रहे निर्माण कार्यों के चलते जमीन की मजबूती प्रभावित हुई हो सकती है, जिससे यह हादसा हुआ। इसके अलावा मिट्टी के ढीले होने या जलभराव को भी एक संभावित कारण माना जा रहा है। फिलहाल पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है और किसी को भी वहां जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। प्रशासन का कहना है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।