Knews Desk- लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) परिसर में स्थित छह मजारों को लेकर प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। जांच के दौरान इन मजारों से संबंधित कोई वैध दस्तावेज नहीं मिलने के बाद इन्हें अवैध घोषित कर दिया गया है। अब इन पर बुलडोजर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। प्रशासन ने इस संबंध में शासन से अनुमति भी मांग ली है।
जानकारी के अनुसार, KGMU परिसर में मौजूद इन मजारों की वैधता को लेकर लंबे समय से सवाल उठ रहे थे। इसके बाद प्रशासन ने संबंधित अभिलेखों और दस्तावेजों की जांच कराई। जांच के दौरान किसी भी मजार के संबंध में स्वामित्व, निर्माण अनुमति या अन्य वैध रिकॉर्ड प्रस्तुत नहीं किए जा सके। इसके आधार पर प्रशासन ने इन्हें लावारिस और अवैध मानते हुए कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सूत्रों के मुताबिक, संबंधित अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि शासन से अनुमति मिलती है तो जल्द ही इन अवैध संरचनाओं को हटाने की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा या निर्माण स्वीकार नहीं किया जाएगा।
इस मामले को लेकर सुरक्षा व्यवस्था भी सख्त की जा रही है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि कार्रवाई के दौरान किसी भी प्रकार का विरोध या कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। इसके लिए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
उत्तर प्रदेश में योगी सरकार पहले भी अवैध कब्जों और अनधिकृत निर्माणों के खिलाफ अभियान चलाती रही है। KGMU परिसर में मजारों को लेकर प्रस्तावित कार्रवाई को भी इसी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है। फिलहाल शासन की अंतिम मंजूरी का इंतजार किया जा रहा है। अनुमति मिलने के बाद प्रशासन कार्रवाई की तारीख तय करेगा। इस पूरे घटनाक्रम पर स्थानीय लोगों और विभिन्न संगठनों की नजर बनी हुई है।