KNEWS DESK- कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। पिछले चार दिनों से फरार चल रहे पवन खेड़ा को एक हफ्ते की अंतरिम जमानत मिल गई है। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि उन्हें नियमित जमानत के लिए संबंधित अदालत का रुख करना होगा।
जानकारी के मुताबिक, पवन खेड़ा 7 अप्रैल से पुलिस की गिरफ्त से बाहर थे। असम और दिल्ली पुलिस उनकी तलाश में उनके दिल्ली स्थित आवास पर पहुंची थी, लेकिन वह वहां मौजूद नहीं मिले। इसके बाद उनकी गिरफ्तारी और कानूनी स्थिति को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई थी।
पवन खेड़ा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा और उनकी पत्नी पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने दावा किया था कि मुख्यमंत्री की पत्नी के पास कथित तौर पर तीन अलग-अलग देशों के पासपोर्ट हैं और इस संबंध में कुछ दस्तावेज भी सामने आए हैं।
इन आरोपों के बाद असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी और इन दावों को पूरी तरह गलत, मनगढ़ंत और राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया था। उन्होंने पवन खेड़ा पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया था।
मामले के बाद असम पुलिस ने दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर जांच शुरू की थी। वहीं सीएम हिमंता ने कहा था कि उनकी पत्नी रिनिकी भुइयां शर्मा ने पवन खेड़ा के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कराया है और कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाई जा रही है।
अब कोर्ट द्वारा दी गई अंतरिम जमानत के बाद पवन खेड़ा को राहत मिली है, लेकिन उन्हें आगे नियमित जमानत के लिए उचित अदालत में पेश होना होगा। इस मामले ने राजनीतिक गलियारों में गर्मी बढ़ा दी है और दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं।
फिलहाल पूरा मामला न्यायिक प्रक्रिया के अधीन है और आगे की कार्रवाई अदालत के फैसले पर निर्भर करेगी।