KNEWS DESK- देश में एलपीजी की बढ़ती मांग और सप्लाई पर बढ़ते दबाव को देखते हुए केंद्र सरकार ने अहम फैसला लिया है। सरकार ने सभी राज्यों को निर्देश दिया है कि पाइपलाइन गैस (PNG) कनेक्शन से जुड़ी नई एप्लीकेशनों को 24 घंटे के भीतर मंजूरी दी जाए।
सरकार का उद्देश्य है कि ज्यादा से ज्यादा लोग एलपीजी सिलेंडर के बजाय पाइपलाइन गैस का उपयोग करें, जिससे घरेलू गैस की मांग कम हो सके और सप्लाई पर दबाव घटे।
लंबित मामलों को जल्द निपटाने के निर्देश
केंद्र सरकार ने राज्यों को पत्र लिखकर कहा है कि पाइपलाइन गैस से जुड़े सभी लंबित मामलों का जल्द से जल्द निपटारा किया जाए। साथ ही नई फाइलों को बिना देरी के मंजूरी देने के निर्देश दिए गए हैं।
इस प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए सरकार ने रोड रेस्टोरेशन चार्ज यानी सड़क खोदने के बाद भराई के शुल्क को माफ करने की भी सलाह दी है। इसके अलावा हर राज्य में एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने को कहा गया है, ताकि काम में बेहतर समन्वय बना रहे और प्रक्रिया में देरी न हो।
एलपीजी सप्लाई पर दबाव, लेकिन स्थिति नियंत्रण में
पेट्रोलियम मंत्रालय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि देश में क्रूड ऑयल की उपलब्धता सामान्य है और पेट्रोल-डीजल की भी कोई कमी नहीं है। हालांकि एलपीजी की मांग बढ़ने के कारण थोड़ी दबाव की स्थिति जरूर बनी है, लेकिन अभी तक किसी भी डिस्ट्रीब्यूटर के यहां गैस पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। घरेलू उपभोक्ताओं को पहले की तरह गैस की सप्लाई जारी रखी जा रही है।
कालाबाजारी रोकने के लिए देशभर में छापेमारी
सरकार ने गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए कई राज्यों में सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। दिल्ली में करीब 600 गैस सिलेंडर जब्त किए गए हैं, जबकि उत्तर प्रदेश में जांच और छापेमारी के दौरान 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
जम्मू-कश्मीर, केरल और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में भी बड़े स्तर पर कार्रवाई की गई है, जहां हजारों सिलेंडर जब्त किए गए हैं। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों की टीमें भी लगातार निरीक्षण कर रही हैं।
12 हजार छापे, 15 हजार सिलेंडर जब्त
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बताया कि निरीक्षण टीमों ने अब तक देशभर में करीब 12,000 छापेमारी की है और 15,000 से ज्यादा गैस सिलेंडर जब्त किए हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि एलपीजी के लिए घबराकर बुकिंग न करें और गैस बुकिंग के लिए ऑनलाइन माध्यम का उपयोग करें।
कमर्शियल गैस की सप्लाई पर भी नजर
कमर्शियल एलपीजी की सप्लाई को सुचारु बनाए रखने के लिए कई राज्यों ने नए आदेश जारी किए हैं। एक उच्च स्तरीय समिति इस सप्लाई से जुड़ी समस्याओं की समीक्षा कर रही है।
एलपीजी पर दबाव कम करने के लिए सरकार केरोसिन और कोयले जैसे वैकल्पिक ईंधनों के उपयोग को भी बढ़ावा दे रही है। बिहार, छत्तीसगढ़, गुजरात, केरल, मणिपुर, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और कर्नाटक सहित कई राज्यों ने केरोसिन आवंटन के आदेश जारी किए हैं।