नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से पहली कमर्शियल फ्लाइट की हुई सफल लैंडिंग, 170 किसानों को मिला खास सम्मान

डिजिटल डेस्क- उत्तर प्रदेश के विकास और नागरिक उड्डयन के क्षेत्र में आज एक नया इतिहास रच दिया है। जेवर में बने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से आज पहली कमर्शियल उड़ान की शुरुआत बेहद सफलतापूर्वक हुई। लखनऊ से उड़ान भरकर इंडिगो की पहली फ्लाइट सुबह ठीक 8:05 बजे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के रनवे पर लैंड हुई। इस ऐतिहासिक पल का गवाह बनने के लिए केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के. राम मोहन नायडू, जेवर के विधायक, नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (NIAL) के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। केंद्रीय मंत्री राम मोहन नायडू ने एयरपोर्ट के बोर्डिंग गेट का फीता काटकर आधिकारिक तौर पर इस विश्वस्तरीय हवाई अड्डे की सेवाओं की शुरुआत की। इस भव्य शुरुआत की सबसे खूबसूरत और भावुक करने वाली बात यह रही कि इसमें उन किसानों को सर्वोच्च सम्मान दिया गया, जिन्होंने इस विशाल एयरपोर्ट के निर्माण के लिए अपनी जमीन स्वेच्छा से उपलब्ध कराई थी। नोएडा एयरपोर्ट से सुबह एक विशेष विमान करीब 170 किसानों को लेकर लखनऊ के लिए रवाना हुआ। इस उड़ान में किसानों के साथ स्थानीय विधायक और प्रशासनिक अधिकारी भी शामिल थे। लखनऊ पहुँचने पर इन सभी किसानों का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा विशेष सम्मान किया जाएगा, जिसके बाद यह फ्लाइट वापस किसानों को लेकर नोएडा लौटेगी।

भारतीय संस्कृति और आधुनिकता का अनूठा संगम

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को केवल आधुनिक ही नहीं, बल्कि भारतीय सांस्कृतिक धरोहर की पहचान के रूप में भी विकसित किया गया है। एयरपोर्ट की मुख्य टर्मिनल बिल्डिंग में प्रवेश करते ही यात्रियों को वाराणसी (बनारस) के सुप्रसिद्ध गंगा घाटों और उत्तर प्रदेश की ऐतिहासिक सांस्कृतिक विरासत की अद्भुत झलक देखने को मिलेगी। इसके डिजाइन में भारतीय वास्तुकला, पर्यावरण अनुकूलता और विश्वस्तरीय सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है, जो यात्रियों को एक बेहद सुखद और संप्रभु अनुभव प्रदान करेगा।

डिजिटल तकनीक से आसान होगा सफर: चेहरा ही बनेगा बोर्डिंग पास

यात्रियों के सफर को पूरी तरह बाधारहित और तेज बनाने के लिए यहाँ अत्याधुनिक ‘डिजी यात्रा’ तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। इस सुविधा के लागू होने से यात्रियों का चेहरा ही उनकी पहचान और बोर्डिंग पास के रूप में काम करेगा, जिससे लंबी लाइनों से मुक्ति मिलेगी और चेक-इन व बोर्डिंग की प्रक्रिया बेहद तेज हो जाएगी। इसके अलावा, एयरपोर्ट पर हाई-स्पीड एस्केलेटर, आधुनिक लिफ्ट और विश्व स्तरीय बैगेज हैंडलिंग सिस्टम जैसी सुविधाएं स्थापित की गई हैं।

1 जुलाई से नियमित होंगी उड़ानें

शेड्यूल के अनुसार, लखनऊ और नोएडा के बीच इस हवाई सेवा का सफर करीब 1 घंटे का होगा। इंडिगो की फ्लाइट सुबह करीब 7:00 बजे लखनऊ से उड़ान भरकर 8:00 बजे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचेगी, वहीं शाम को नोएडा से उड़ान भरकर करीब 8:00 बजे लखनऊ वापस पहुंचेगी। आज 15 जून से इस विशेष सेवा की शुरुआत होने के बाद, 1 जुलाई 2026 से इस रूट पर नियमित और व्यावसायिक उड़ानें पूरी तरह से संचालित होने लगेंगी। सुरक्षा के मोर्चे पर एयरपोर्ट को अभेद्य किला बनाया गया है, जहाँ सीआईएसएफ (CISF), उत्तर प्रदेश पुलिस और अत्याधुनिक एआई (AI) आधारित कैमरों से लैस निजी सुरक्षा एजेंसियां तैनात हैं। पर्यावरण संरक्षण के मामले में भी यह एयरपोर्ट एक मिसाल पेश कर रहा है। यहाँ सौर और पवन ऊर्जा का बड़े पैमाने पर उपयोग किया जा रहा है, जिससे एयरपोर्ट की करीब 50% बिजली की जरूरतें नवीकरणीय ऊर्जा से पूरी की जाएंगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *