KNEWS DESK- फेस्टिव सीजन में अगर आप हवाई यात्रा की तैयारी कर रहे हैं, तो आपके सफर का खर्च बढ़ सकता है। सरकारी तेल कंपनियों ने एविएशन टर्बाइन फ्यूल यानी ATF की कीमतों में लगातार तीसरे महीने बढ़ोतरी की है। अक्टूबर में जेट फ्यूल के दाम 16 रुपये प्रति लीटर बढ़ाए गए हैं। इसके साथ ही 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत में भी 62.59 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। हालांकि, घरेलू LPG सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
तेल कंपनियों के अनुसार, इंटरनेशनल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी के बीच घरेलू एयरलाइंस के लिए ATF की कीमत 121 रुपये से बढ़ाकर 137 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है। अक्टूबर की यह बढ़ोतरी करीब 13 फीसदी की है। इससे पहले सितंबर में ATF के दाम में 6.28 रुपये प्रति लीटर यानी 5.46 फीसदी की वृद्धि की गई थी। अगस्त में भी जेट फ्यूल की कीमत 5 रुपये प्रति लीटर बढ़ाई गई थी।
इस तरह पिछले तीन महीनों में ATF की कीमत में 27 रुपये प्रति लीटर से ज्यादा की बढ़ोतरी हो चुकी है। यह करीब 25 फीसदी की तेजी है। एयरलाइंस के ऑपरेटिंग खर्च में ATF की हिस्सेदारी करीब 40 फीसदी तक होती है। ऐसे में ईंधन की कीमत बढ़ने से एयरलाइंस की लागत पर सीधा असर पड़ सकता है। इसका असर आगे हवाई किराए पर भी देखने को मिल सकता है।
ATF के अलावा कमर्शियल LPG सिलेंडर भी महंगा हुआ है। 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत में 62.59 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। इससे पहले अगस्त में कमर्शियल LPG की कीमत में 192 रुपये और जुलाई में 183.50 रुपये की कटौती हुई थी। सितंबर में भी 19 किलो वाले सिलेंडर की कीमत में 9.50 रुपये की बढ़ोतरी की गई थी।
ग्लोबल एनर्जी सप्लाई में रुकावट और इंटरनेशनल कीमतों में तेजी के बीच जून में कमर्शियल LPG की कीमतें रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गई थीं। जुलाई और अगस्त में कीमतों में गिरावट आने से पहले फरवरी से जून के बीच 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमत 1,373 रुपये बढ़कर 1,740.50 रुपये से 3,113.50 रुपये तक पहुंच गई थी।
वहीं घरेलू LPG की कीमतों में इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है। 14.2 किलो वाले घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत 942 रुपये पर बरकरार है। मार्च से जून के बीच वेस्ट एशिया संकट के कारण सप्लाई में रुकावट और इंटरनेशनल एनर्जी कीमतों में बढ़ोतरी के बाद घरेलू कुकिंग गैस की कीमत में प्रति सिलेंडर 89 रुपये की वृद्धि की गई थी।
तेल कंपनियां हर महीने की पहली तारीख को ATF और LPG की कीमतों में बदलाव करती हैं। इन कीमतों पर इंटरनेशनल बेंचमार्क रेट और रुपये-डॉलर एक्सचेंज रेट का असर पड़ता है। इसके अलावा VAT और स्थानीय टैक्स की वजह से अलग-अलग राज्यों में कीमतें अलग हो सकती हैं। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भी इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है। इससे पहले मई में दोनों की कीमतों में प्रति लीटर करीब 7.50 रुपये की बढ़ोतरी की गई थी।