KNEWS DESK- मध्य प्रदेश के जबलपुर स्थित बरगी डैम में हुए क्रूज हादसे ने पूरे क्षेत्र को गहरे शोक में डुबो दिया है। चार दिनों तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद रविवार सुबह दो और शव बरामद होने के साथ इस दर्दनाक हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर 13 हो गई है। इसके साथ ही प्रशासन ने आधिकारिक रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन को समाप्त घोषित कर दिया है।
रविवार सुबह सबसे पहले तमिलनाडु के त्रिची निवासी 8 वर्षीय बालक मयूरन का शव बरामद हुआ, जिसके कुछ घंटों बाद 9 बजकर 22 मिनट पर उसके चाचा कामराज का शव भी पानी से बाहर निकाला गया। दोनों की मौत की पुष्टि के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
इस हादसे में अब तक 8 महिलाओं और 4 मासूम बच्चों समेत कुल 13 लोगों की जान जा चुकी है। पहले दिन 4 शव, दूसरे दिन 5 और शनिवार को 2 बच्चों के शव बरामद किए गए थे। सबसे दर्दनाक स्थिति उस परिवार की है, जो तमिलनाडु के त्रिची से पर्यटन के लिए मध्य प्रदेश आया था और जिसमें से 7 सदस्यों में से 5 की मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, क्रूज पर सवार 28 लोगों को समय रहते सुरक्षित बचा लिया गया था, जो अब खतरे से बाहर हैं। हालांकि, अब किसी और के लापता होने की पुष्टि नहीं होने के बाद प्रशासन ने रेस्क्यू ऑपरेशन समाप्त कर दिया है।
इसके बावजूद एहतियात के तौर पर रविवार को पूरे दिन सर्चिंग अभियान जारी रखा गया। SDRF और NDRF की टीमें लगातार डैम क्षेत्र में निगरानी और पेट्रोलिंग कर रही हैं ताकि कोई भी चूक न रह जाए।
हादसे के बाद पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है और मृतकों के परिजन गहरे सदमे में हैं। वहीं, प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है कि आखिर क्रूज संचालन में इतनी बड़ी लापरवाही कैसे हुई और इसके लिए जिम्मेदार कौन है।
यह हादसा एक बार फिर पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था और संचालन मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर गया है।