पश्चिम बंगाल के पश्चिम बर्धमान जिले की कुमरडीही ‘ए’ भूमिगत कोयला खदान में फंसे सभी 14 मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। पुली में खराबी आने के कारण मजदूर करीब 50 मीटर की गहराई में फंस गए थे। पूरी रात चले बचाव अभियान के बाद सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया और किसी की जान नहीं गई।
Knews Desk – यह घटना सोमवार, 26 अक्टूबर 2026 को सरकारी स्वामित्व वाली कोल इंडिया लिमिटेड की सहायक कंपनी ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (ECL) की कुमरडीही ‘ए’ भूमिगत खदान में हुई। खदान के पुली ड्रम से रस्सी फिसल जाने के कारण मजदूरों को ऊपर लाने और नीचे ले जाने वाली व्यवस्था बाधित हो गई।
इस दौरान 14 मजदूर लगभग 50 मीटर की गहराई में दो लिफ्टिंग केज में फंस गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद खदान प्रशासन और संबंधित विभागों ने बचाव अभियान शुरू किया।
वॉकी-टॉकी से संपर्क, भेजा गया पानी और सूखा भोजन
बचाव अभियान के दौरान खदान के भीतर फंसे मजदूरों से वॉकी-टॉकी के जरिए लगातार संपर्क बनाए रखा गया। उन्हें पानी और सूखा भोजन भी पहुंचाया गया, ताकि लंबे समय तक अंदर रहने के दौरान उनकी सेहत पर असर न पड़े।
खदान के एक अधिकारी के मुताबिक, मजदूरों से संपर्क बनाए रखने और उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने का काम पूरी रात जारी रहा। इस दौरान दोनों कामों के बीच संतुलन बनाए रखना जरूरी था।
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बचाव कार्यों की लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए थे। पश्चिम बर्धमान जिला प्रशासन के अधिकारियों को भी स्थिति पर नजर रखने के लिए कहा गया था।
रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान दुर्गापुर की अनुविभागीय दंडाधिकारी (SDM) अंकिता अग्रवाल और आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नर डॉ. प्रणब कुमार मौके पर पहुंचे। पांडवेश्वर के विधायक जितेंद्र तिवारी भी बचाव कार्य में मदद के लिए घटनास्थल पर मौजूद थे।
कई विभागों के संयुक्त प्रयास से सफल हुआ अभियान
खदान में फंसे मजदूरों को सुरक्षित निकालने के लिए आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट, पश्चिम बंगाल आपदा प्रबंधन विभाग और खदान प्रशासन ने मिलकर काम किया। रातभर चले अभियान के बाद सभी 14 मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
ECL के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक (CMD) सतीश झा ने भी सभी मजदूरों के बचाए जाने की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। सभी मजदूरों के सुरक्षित बाहर आने के बाद राहत की स्थिति बनी।