कर्नाटक में फॉर्म-7 के आवेदनों को लेकर उठे सवालों के बीच चुनाव आयोग ने राज्य की फाइनल वोटर लिस्ट जारी कर दी है। नई सूची के मुताबिक, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया से पहले की मतदाता सूची की तुलना में करीब 99.32 लाख नाम कम हो गए हैं। पहले राज्य की वोटर लिस्ट में 5.54 करोड़ से अधिक मतदाता दर्ज थे, जबकि अब अंतिम सूची में करीब 4.55 करोड़ मतदाता शामिल हैं। हालांकि, दावे और आपत्तियों की प्रक्रिया के दौरान करीब 8.64 लाख नाम दोबारा जोड़े गए हैं।
Knews Desk – कर्नाटक में SIR प्रक्रिया के दौरान फॉर्म-7 के आवेदनों की संख्या बढ़ने को लेकर सवाल उठ रहे थे। इस दौरान सामने आया कि चुनाव अधिकारियों ने भी करीब 61 हजार आवेदन किए थे। इसी विवाद के बीच चुनाव आयोग ने फाइनल वोटर लिस्ट जारी कर दी है। नई सूची में मतदाताओं की संख्या में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। मतदाता अब राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपना नाम चेक कर सकते हैं।
फाइनल वोटर लिस्ट के मुताबिक, कर्नाटक में 2.25 करोड़ से अधिक पुरुष और 2.29 करोड़ महिलाएं मतदाता हैं। इसके अलावा 2,841 थर्ड जेंडर मतदाता भी सूची में शामिल हैं। राज्य की मतदाता सूची में 18 और 19 साल के 6.83 लाख से अधिक युवा मतदाता दर्ज हैं। वहीं, 85 साल से अधिक उम्र के 3.92 लाख से ज्यादा मतदाता शामिल हैं।
SIR से पहले कर्नाटक की मतदाता सूची में 5.54 करोड़ से अधिक नाम दर्ज थे, जबकि अंतिम सूची में यह संख्या घटकर करीब 4.55 करोड़ रह गई है। इस तरह पहले की सूची की तुलना में करीब 99.32 लाख नाम कम हुए हैं। हालांकि, शुरुआती समीक्षा के बाद दावे और आपत्तियों की प्रक्रिया में करीब 8.64 लाख नाम दोबारा जोड़े गए।
शुरुआती समीक्षा के दौरान 1.07 करोड़ से अधिक नाम हटाए गए थे। इनमें सबसे बड़ी संख्या उन मतदाताओं की थी, जो अपने पुराने पते पर नहीं मिले या दूसरी जगह चले गए थे। इस श्रेणी में 80.62 लाख नाम हटाए गए। इसके अलावा 16.39 लाख नाम मृत मतदाताओं के होने के कारण हटाए गए। सात लाख से अधिक नाम डुप्लिकेट पाए गए, जबकि 3.83 लाख नाम अन्य कारणों से हटाए गए।
चुनाव आयोग की ओर से जारी अंतिम सूची में नाम शामिल है या नहीं, इसकी जांच मतदाता ऑनलाइन कर सकते हैं। इसके लिए चुनाव आयोग के इलेक्टोरल सर्च पोर्टल पर जाकर Search by EPIC विकल्प चुनना होगा। इसके बाद वोटर आईडी यानी EPIC नंबर दर्ज करके राज्य के रूप में कर्नाटक चुनना होगा। कैप्चा भरने के बाद सर्च विकल्प पर क्लिक करके मतदाता अपना विवरण देख सकते हैं।
अगर किसी मतदाता का नाम ऑनलाइन सर्च करने पर नहीं मिलता है, तो उसे आधिकारिक मतदाता सूची में अपने विवरण की जांच करनी चाहिए या संबंधित निर्वाचन अधिकारियों से संपर्क करना चाहिए।
कर्नाटक की फाइनल वोटर लिस्ट जारी होने के बाद मतदाताओं की संख्या में आई बड़ी गिरावट और फॉर्म-7 के आवेदनों को लेकर उठे सवालों पर चर्चा जारी है। ऐसे में मतदाताओं के लिए अंतिम सूची में अपना नाम और अन्य विवरण जांचना महत्वपूर्ण है।