पटना में संबोधन के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर विवादित टिप्पणी की। एक युवक के ‘मोदी नहीं जाएगा’ कहने पर खरगे ने जवाब में कहा, ‘मोदी का बाप भी जाएगा’। इस घटना के दौरान युवक को धक्का देकर हॉल से बाहर ले जाने और उसकी पिटाई किए जाने का वीडियो भी सामने आया है।
Knews Desk – कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने रविवार को पटना में संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर विवादित बयान दिया। कार्यक्रम में जब खरगे भाषण दे रहे थे, तभी भीड़ में मौजूद एक युवक ने कहा, “मोदी नहीं जाएगा”। इस पर खरगे नाराज हो गए और उन्होंने जवाब देते हुए कहा, “मोदी का बाप भी जाएगा”। खरगे ने प्रधानमंत्री मोदी पर झूठ बोलने की आदत होने का आरोप भी लगाया।
इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद युवक के साथ हुए व्यवहार को लेकर भी चर्चा हो रही है। वीडियो में कथित तौर पर कांग्रेस कार्यकर्ता युवक को धक्का देते हुए हॉल से बाहर ले जाते दिखाई दे रहे हैं। खबर के मुताबिक, युवक की पिटाई भी की गई। हालांकि, घटना से जुड़े पूरे घटनाक्रम की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं की जा सकती।
खरगे पटना में बिहार के पहले मुख्यमंत्री श्रीकृष्ण सिंह की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS), भारतीय जनता पार्टी और बिहार की राजनीति को लेकर भी कई टिप्पणियां कीं। उन्होंने कहा कि श्रीकृष्ण सिंह ने जमींदारी प्रथा को हटाने और छुआछूत के खिलाफ अभियान चलाने का काम किया था।
खरगे ने आरोप लगाया कि आजादी के बाद आरएसएस और दूसरी शक्तियां दंगे फैलाने में लगी थीं। उन्होंने कहा कि जब तक देश में आरएसएस की विचारधारा खत्म नहीं होगी, तब तक शांति नहीं होगी। उन्होंने भाजपा और आरएसएस में छुआछूत का समर्थन करने वाले लोगों के मौजूद होने का भी आरोप लगाया।
उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर निशाना साधते हुए कहा कि समाजवादी विचारधारा लेकर आए नीतीश कुमार आरएसएस की झोली में गिर गए। खरगे ने कांग्रेस के नेताओं महात्मा गांधी, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी की हत्या का जिक्र करते हुए राहुल गांधी के संघर्ष का भी उल्लेख किया।
कांग्रेस अध्यक्ष ने महिला आरक्षण के मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेरते हुए कहा कि एक-तिहाई आरक्षण देने से सरकार को किसने रोक रखा है। उन्होंने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया पर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि इसके जरिए विपक्षी दलों के समर्थकों के नाम मतदाता सूची से हटाए जा रहे हैं।
खरगे ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयोग को लेकर भी आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग और केंद्र सरकार के बीच गहरी सांठगांठ है। उन्होंने SIR की प्रक्रिया तत्काल रोकने, सभी चुनाव बैलेट पेपर से कराने और पिछले दो वर्षों में हुए विधानसभा चुनावों को निरस्त करने की मांग भी रखी।
खरगे ने अपने संबोधन में कहा कि वह 85 वर्ष के हैं और अब उन्हें डरने की जरूरत नहीं है। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर का जिक्र करते हुए कहा कि वह ब्लॉक अध्यक्ष से कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष तक पहुंचे हैं। उन्होंने कहा, “आप डरे तो मरे”।
पटना में खरगे के इस बयान और युवक के साथ हुई कथित मारपीट का वीडियो सामने आने के बाद कार्यक्रम चर्चा में है।