पटना के कुम्हरार इलाके में रेलवे ट्रैक पर युवक और युवती के शव मिलने से हड़कंप मच गया। मृत युवती की पहचान टीपीएस कॉलेज की छात्रा शैली रानी के रूप में हुई है, जबकि उसके साथ मिले युवक की पहचान अब तक नहीं हो पाई है। शैली के परिजनों ने उसकी हत्या कर शव रेलवे ट्रैक पर फेंके जाने का आरोप लगाया है। मामले में दुबई से आए 10 हजार रुपये के कथित लोन संबंधी फोन कॉल की भी जांच की जा रही है।
Knews Desk– बिहार की राजधानी पटना के कुम्हरार इलाके में रेलवे ट्रैक पर दो शव मिलने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। मृतकों में एक युवती और एक युवक शामिल हैं। युवती की पहचान शैली रानी के तौर पर हुई है, जो टीपीएस कॉलेज में स्नातक की छात्रा थी। वहीं, उसके साथ मिले युवक की पहचान अभी नहीं हो सकी है। शुरुआती जांच में पुलिस प्रेम प्रसंग के पहलू को भी ध्यान में रख रही है, हालांकि इस संबंध में अभी कोई पुष्टि नहीं हुई है। दोनों की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका पता पोस्टमार्टम और पुलिस जांच के बाद ही चल सकेगा।
जानकारी के मुताबिक, शैली रानी 5 अक्टूबर को एनआईटी में फॉर्म भरने के लिए घर से निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। काफी तलाश करने के बाद भी जब उसका कोई सुराग नहीं मिला, तो परिजनों ने दोस्तों और परिचितों से पूछताछ की। इसके बाद कंकड़बाग थाने में उसकी गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई गई।
परिवार को उम्मीद थी कि पुलिस शैली को जल्द तलाश कर लेगी, लेकिन रेलवे ट्रैक पर उसका शव मिलने की खबर से घर में मातम छा गया। शैली के पिता संजीव कुमार प्रजापति महावीर आरोग्य संस्थान में कर्मचारी हैं। उन्होंने बेटी की मौत को हत्या बताते हुए आरोप लगाया कि उसकी हत्या करने के बाद शव रेलवे ट्रैक पर फेंका गया। उन्होंने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और कहा कि बेटी के कई दिनों से लापता होने के बावजूद उसका पता नहीं लगाया जा सका। शैली तीन बच्चों में सबसे बड़ी थी।
दुबई से आया फोन, 10 हजार रुपये के लोन का दावा
इस मामले में दुबई से आए एक फोन कॉल ने भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। शैली के चचेरे भाई मनोज कुमार के मुताबिक, युवती के लापता होने के बाद परिवार को दुबई से फोन आया था। फोन करने वाले ने कथित तौर पर दावा किया कि शैली ने 10 हजार रुपये का लोन लिया है। रकम वापस नहीं करने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई थी।
मनोज कुमार ने बताया कि उन्होंने फोन करने वाले से कहा था कि शैली के घर लौटने के बाद इस मामले का हिसाब कर लिया जाएगा। हालांकि, इसके बाद भी शैली का कोई पता नहीं चला और अब उसका शव मिलने से परिवार सदमे में है। पुलिस के सामने यह पता लगाने की चुनौती है कि फोन किसने किया था, क्या शैली ने वास्तव में कोई ऑनलाइन लोन लिया था और इस कॉल का उसके लापता होने से कोई संबंध था। फिलहाल इन सवालों के जवाब नहीं मिले हैं और किसी भी संभावित संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।
युवक की पहचान और मौत की वजह तलाश रही पुलिस
रेलवे ट्रैक पर युवक और युवती के शव मिलने के बाद राजेंद्रनगर टर्मिनल रेल थाना (जीआरपी) की पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस घटनास्थल के आसपास आने-जाने वाले रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इसके साथ ही शैली की कॉल डिटेल भी निकलवाई जा रही है।
जांच में युवक की पहचान करना भी अहम माना जा रहा है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि शैली घर से निकलने के बाद कहां गई, युवक के साथ उसकी क्या पहचान थी और दोनों रेलवे ट्रैक तक कैसे पहुंचे। परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है, लेकिन घटना की वास्तविक वजह और मौत से जुड़ी परिस्थितियां जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगी। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है।