Knews Desk– उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में दर्ज मृतक, स्थायी रूप से स्थानांतरित और डुप्लीकेट प्रविष्टियों का नियमानुसार सत्यापन जरूरी है
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि भारत युगों से लोकतांत्रिक मूल्यों का संरक्षक रहा है और निर्वाचन आयोग की ओर से कराया जा रहा SIR देश की लोकतांत्रिक विरासत को और मजबूत करने का महत्वपूर्ण प्रयास है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची को शुद्ध और पारदर्शी बनाए रखने के लिए अपात्र नामों की पहचान जरूरी है। सीएम ने जागरूक मतदाताओं से अपील की कि मतदाता सूची में अवैध रूप से दर्ज अपात्र नामों की पहचान कर उन्हें नियमानुसार हटाने की प्रक्रिया में सहयोग करें। उन्होंने इसे भारत की सुरक्षा, एकता और अखंडता के लिए जरूरी बताया।
SIR प्रक्रिया के तहत मृत, स्थानांतरित, अनुपस्थित और डुप्लीकेट मतदाताओं की पहचान के लिए निर्वाचन अधिकारियों की ओर से अलग-अलग सूचियां उपलब्ध कराई जा रही हैं। सीएम योगी ने 18 वर्ष की आयु पूरी कर रहे युवाओं से भी मतदाता सूची में अपना नाम जरूर जुड़वाने की अपील की। उन्होंने युवाओं से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी सुनिश्चित करने और शुद्ध, सशक्त व पारदर्शी मतदाता सूची के निर्माण में सहभागी बनने का आह्वान किया।
SIR को लेकर विपक्षी दल मतदाता सूची से नाम हटाए जाने पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि बीजेपी का कहना है कि मृत, अनुपस्थित, स्थानांतरित और डुप्लीकेट मतदाताओं को चिह्नित किया जा रहा है। अंतिम प्रक्रिया में दावे और आपत्तियां दर्ज कराने का मौका मिलता है।