Knews Desk- पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में पुलिस जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। ताजा जांच में दावा किया जा रहा है कि मृतक केतन अग्रवाल अपनी मंगेतर सिया गोयल के लिए एक तरह से ‘ATM मशीन’ बन गया था, जिससे उसने शादी से पहले ही करीब 1 करोड़ रुपये की बड़ी रकम ऐंठ ली थी। आरोप है कि यह पूरी राशि बाद में सिया ने अपने प्रेमी चेतन चौधरी को सौंप दी, जो इस साजिश का मुख्य सह-आरोपी बताया जा रहा है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सिया गोयल ने केतन से अलग-अलग बहानों से पैसे लिए कभी शॉपिंग, कभी निजी जरूरतों और कभी अन्य खर्चों के नाम पर। शुरुआती जांच में सामने आया है कि सगाई के बाद से ही सिया का मकसद केतन से दूरी बनाने और आर्थिक लाभ उठाने का था। इस बीच उसने धीरे-धीरे पूरी रकम अपने प्रेमी चेतन को ट्रांसफर कर दी, ताकि वह अपना कारोबार और भविष्य की योजनाएं खड़ी कर सके।
जांच में यह भी सामने आया है कि सिया और चेतन ने मिलकर हत्या की एक खतरनाक योजना बनाई थी। पुलिस के अनुसार, दोनों ने कई बार लोकेशन की रेकी की और लोहागढ़ किले को वारदात के लिए चुना। यहां तक कि क्राइम स्पॉट का अभ्यास भी किया गया था ताकि पूरी योजना बिना किसी गलती के अंजाम दी जा सके।
18 जून को वारदात के दिन कथित रूप से एक तय संकेत (कोडवर्ड) के तहत सिया ने जमीन की ओर झुककर बैठने की भूमिका निभाई। पुलिस का दावा है कि यह झुकाव चेतन के लिए इशारा था कि अब हमला किया जाए। जैसे ही सिया झुकी, चेतन ने पीछे से केतन को धक्का देकर गहरी खाई में गिरा दिया। जांच एजेंसियों के अनुसार, सिया का दूर बैठना एक सोची-समझी रणनीति थी, ताकि गिरते समय केतन उसे पकड़ न सके और वह भी हादसे की चपेट में न आए।
इससे पहले भी 31 मई को केतन को मारने की कोशिश की गई थी, लेकिन वह किसी तरह बच गया था। उस समय सिया ने घटना को ‘सांप दिखने’ की बात कहकर टाल दिया था। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि चेतन चौधरी वारदात के समय पहचान छिपाने के लिए स्कूटी से करीब 90 किलोमीटर दूर से लोहागढ़ किले पहुंचा था। उसने हुडी पहनकर पहले अपनी पहचान छिपाई और बाद में उसे उतारकर वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने इस मामले में इस्तेमाल स्कूटर भी बरामद कर लिया है।
रविवार को पुलिस ने लोहागढ़ किले में क्राइम सीन का रीक्रिएशन कर अहम सबूत जुटाए। इस दौरान पूरे घटनाक्रम को पुतलों की मदद से दोहराया गया। पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपियों की कस्टडी में पूछताछ से कई और महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं। फिलहाल सिया और चेतन दोनों की पुलिस रिमांड समाप्त हो रही है और उन्हें आज वडगांव कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां पुलिस रिमांड बढ़ाने की मांग कर सकती है। मामला अब तेजी से आगे बढ़ते हुए एक और बड़े खुलासे की ओर इशारा कर रहा है।